
जश्न के दौरान बवाल, पथराव-आगजनी, पुलिस ने संभाला मोर्चा
राष्ट्रद्रोह ताकते जो पनप रही है उन्हे बक्शा नहीं जाएगा
वीडियो में जो जो पथराव करते नजर आ रहे है उन सब की पहचान कर ठोस कारवाही की जायेगी- उषा ठाकुर
महू: भारत की चैंपियंस ट्रॉफी में जीत के बाद रविवार रात महू में निकाले गए जुलूस के दौरान विवाद हो गया, जिससे इलाके में भारी तनाव फैल गया. दो गुट आमने-सामने आ गए और देखते ही देखते माहौल हिंसक हो गया. उपद्रवियों ने दुकानों और वाहनों को आग के हवाले कर दिया, जबकि पेट्रोल बम भी फेंके गए. स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े. हालात बिगड़ते देख सेना के जवानों को भी तैनात किया गया। करीब ढाई घंटे की मशक्कत के बाद स्थिति नियंत्रण में आई.
ग्रामीण एसपी हितिका वासल ने बताया कि घटना रात करीब 10 बजे घटित हुई थी. भारत की जीत के बाद कुछ लोग बाइकों पर सवार होकर जय श्रीराम के नारे लगाते हुए जुलूस निकाल रहे थे. इसी दौरान जामा मस्जिद के पास आतिशबाजी को लेकर कुछ लोगों के बीच विवाद हो गया. बात इतनी बढ़ी कि दोनों पक्षों में झड़प शुरू हो गई. पीछे चल रहे पांच-छह लोगों को रोककर उनसे मारपीट की गई, जिसके बाद जुलूस में शामिल अन्य लोगों ने जवाबी हमला कर दिया. दोनों गुटों के बीच जमकर पथराव हुआ, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई. हिंसा के दौरान पत्ती बाजार और अन्य इलाकों में खड़ी गाड़ियों में तोड़फोड़ कर आग लगा दी गई. पत्ती बाजार, जामा मस्जिद, बतख मोहल्ला और धानमंडी में करीब एक दर्जन बाइकों के साथ ही दो कारों को जला दिया गया. मार्केट चौक में दो दुकानों में भी आग लगा दी गई.
पुलिस-प्रशासन का सख्त एक्शन
स्थिति बेकाबू होते देख चार थानों का अतिरिक्त पुलिस बल महू बुलाया गया. रात करीब एक बजे तक पुलिस ने लाठीचार्ज कर स्थिति पर नियंत्रण पाया. यहां पर दस थानों के तीन सौ से ज्यादा जवानों ने मोर्चा संभाला, तब कहीं जाकर स्थिति काबू में आई.
डीआईजी और कलेक्टर ने किया दौरा
उपद्रव की सूचना मिलते ही डेढ़ बजे कलेक्टर आशीष सिंह और ग्रामीण डीआईजी निमिष अग्रवाल महू पहुंचे और हालात का जायजा लिया. मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने बताया पत्थरबाजी और आगजनी करने वालों की पहचान की जा रही है, दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा. पुलिस-प्रशासन होली और रमजान के मद्देनजर विशेष सतर्कता बरत रहा है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना दोबारा न हो. फिलहाल पुलिस ने किसी के खिलाफ मामला दर्ज नहीं किया है और न ही किसी को गिरफ्तार किया है. पूरे इलाके में सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि हिंसा में शामिल लोगों की पहचान की जा सके.
पथराव करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा- ठाकुर
प्रदेश की संस्कृति मंत्री और स्थानीय विधायक उषा ठाकुर ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि पथराव करने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा, “वीडियो फुटेज में जो-जो लोग पथराव करते नजर आ रहे हैं, उन सभी को चिन्हित कर ठोस कार्रवाई की जाएगी. विधायक ठाकुर ने घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि प्रदेश में “राष्ट्रविरोधी ताकतों को पनपने नहीं दिया जाएगा.” उन्होंने इस मामले में मुख्यमंत्री से चर्चा कर सख्त कार्रवाई की बात कही. “अगर पथराव करने वालों की पहचान होती है, तो उनके खिलाफ देशद्रोह तक की धाराओं में केस दर्ज किया जाएगा. सरकार ऐसे असामाजिक तत्वों से निपटने में पूरी तरह सक्षम है.
कड़ी कार्रवाई के संकेत
विधायक के इस बयान के बाद प्रशासन भी एक्शन मोड में आ गया है. सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है. पुलिस ने स्पष्ट किया कि हिंसा में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा.
महू में तेजी से हो रही है स्थिती सामान्य
आज रोज की तरह सुबह बाजार खुले, कलेक्टर आशीष सिंह और ग्रामीण एसपी हितिका वासल की सूझबूझ से स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में. घटना को लेकर सोशल मीडिया पर चल रहे वीडियो के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लिए जाने की सूचना. घटना वाले क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है.
