सिंगरौली: जिले के भीड़ भाड़ एवं व्यस्तम जहां रोजाना सैकड़ों की संख्या मेें कोल वाहनों के अप डाउन लगा रहता है। उन कस्बों की सड़के अतिक्रमण के चलते सिकुड़ गई हैं। कस्बो की सड़के अतिक्र मण से सिकुड़ती जा रही है। दरअसल, नेताओं के दखल अंदाजी से ही कस्बो व नगरो का अतिक्रमण मुक्त नही हो पा रहा है। इधर,परसौना मार्ग से खुटार-रजमिलान होते हुए महान एनर्जेन लीमिटेड बधौरा में कोयला भारी वाहनों से पहुंच रहा है। वही गजरा बहरा कोलयार्ड से गड़ाखाड़ कस्बा से होते हुए पावर कम्पनी में कोयले का परिवहन किया जा रहा है।
उधर लंघाडोल थाना क्षेत्र के सुलियारी कोल ब्लॉक से कोयला टिपर व हाईवा वाहनों से गजरा बहरा होते हुए सरई मार्ग होकर गोंदवाली की ओर परिवहन किया जा रहा है। जहां परसौना-रजमिलान एवं सरई गजरा बहरा व्यस्तम मार्ग है और इस मार्ग से रोजाना सैकड़ो की संख्या में वाहनों का आवाजाही लगी रहती है। कोल वाहनों को सबसे ज्यादा समस्या सरई-गजरा बहरा, गड़ाखाड़, रजमिलान एवं खुटार बाजार मेें वाहनों को साईड देने में काफी मक्सत करनी पड़ती है। तब कही जाकर साईड मिलती है। उसका मुख्य कारण उक्त कस्बो के फुटपाथ पर कब्जा करने से सड़कें दिनों दिन सिकुड़ती जा रही हैं।
फुटपाथ पर दुकान, प्रशासन अनजान
सरई-गजरा बहरा, गड़ाखाड़, रजमिलान एवं खुटार कस्बा के दुकानदार फुटपाथों पर कब्जा कर रखा है। इन दुकानदारों के चलते कस्बो की सड़के लगातार अतिक्रमण के चलते सिकुड़ती जा रही है। बताया जाता है कि उक्त नगर से गुजरने वाले हैवी वाहनों व बसो को साईड लेने-देने में काफी परेशानियों से झेलना पड़ता है। यहा तक कि यदी कोई वाहन चालक फुटपाथ दुकानदारों को सामान हटाने के लिए ईशारा करता है तो दुकानदार उल्टा वाहन चालको के साथ तू-तू मै-मै करने लगते है और आये दिन ऐसी वारदात आम बात हो गई है।
