गुवाहाटी, 25 फरवरी (वार्ता) टाटा समूह की कंपनी टाटा पावर ने असम में अक्षय ऊर्जा और स्वस्थ विकास के प्रति
अपनी प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाने की दिशा में यहां चल रहे एडवांटेज असम 2.0 के दौरान मंगलवार को राज्य सरकार के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए जिसके तहत कंपनी अगले पांच वर्षों में राज्य में सौर, पवन, जल विद्युत और ऊर्जा भंडारण सहित 5000 मेगावाट तक की अक्षय और स्वच्छ ऊर्जा परियोजनाओं को जोड़ने और उनके लिए जरूरी सहायक सुविधाओं पर 30,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
टाटा पावर की एक विज्ञप्ति के अनुसार इस समझौता ज्ञापन पर असम सरकार के प्रमुख सचिव विद्युत डॉ. कृष्ण कुमार द्विवेदी और टाटा पावर के सीईओ और एमडी डॉ. प्रवीर सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और असम सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति में हस्ताक्षर किए।
इसके अंतर्गत असम सरकार पट्टे के आधार पर लगभग 20,000 एकड़ अतिक्रमण-मुक्त सरकारी भूमि की पहचान और आवंटन में सहायता करेगी और सौर, पवन, जलविद्युत और ऊर्जा भंडारण परियोजनाओं के लिए उपयुक्त निजी भूमि के अधिग्रहण में सहायता करेगी।
राज्य सरकार निर्बाध ट्रांसमिशन कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने और राज्य एजेंसियों के माध्यम से अक्षय ऊर्जा पार्कों की स्थापना को बढ़ावा देने के लिए बुनियादी ढांचे के विकास का समर्थन करेगा। इस पहल में समूह कैप्टिव साइटों के लिए भूमि की पहचान करना भी शामिल होगा, जिससे असम की भूमि आवंटन और औद्योगिक नीतियों के तहत उद्योगों और चाय बागानों को स्वच्छ ऊर्जा मिल सकेगी।
कंपनी के अनुसार परियोजना निष्पादन में तेजी लाने के लिए, सरकार ने वैधानिक अनुमोदन, वित्तीय प्रोत्साहन और अक्षय क्षेत्र में नवाचार के लिए अनुसंधान संस्थानों के साथ सहयोग के लिए एकल-खिड़की मंजूरी के लिए प्रतिबद्धता जताई है। परियोजना कार्यान्वयन और संचालन के लिए प्रशिक्षित कार्यबल बनाने के लिए कौशल विकास कार्यक्रम भी शुरू किए जाएंगे।
बयान में कहा गया है कि टाटा पावर की सहायक कंपनी टाटा पावर रिन्यूएबल एनर्जी लिमिटेड ने राज्य भर में अक्षय ऊर्जा को अपनाने और ऊर्जा दक्षता बढ़ाने के लिए असम पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के साथ एक और समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। यह समझौता प्रधान मंत्री सूर्य घर मुफ़्त बिजली योजना के तहत छत पर सौर परियोजनाओं को बढ़ाने पर केंद्रित है, साथ ही 3000 प्रत्यक्ष रोजगार के अवसरों का योगदान करते हुए असम के स्वच्छ ऊर्जा संक्रमण और आर्थिक विकास को मजबूत करता है।
टाटा पावर के सीईओ और एमडी डॉ. प्रवीर सिन्हा ने कहा, “ टाटा पावर स्थायी ऊर्जा समाधान देने के लिए प्रतिबद्ध है जो असम सरकार के हरित भविष्य के दृष्टिकोण और 2030 तक 5,00,000 मेगावाट अक्षय ऊर्जा क्षमता के भारत के महत्वाकांक्षी लक्ष्य के साथ जुड़ा हुआ है। ”
