चिकित्सकों का आंदोलन, आज सामूहिक उपवास, कल दिन में प्रदर्शन
जबलपुर: चिकित्सकों ने अपनी मांगों को लेकर चिकित्सक महासंघ के बैनर तले आंदोलन शुरू कर दिया हैं। शुक्रवार को चिकित्सकों ने काली पट्टी बाधकर विरोध दर्ज कराया। इसके साथ ही अमानक दवाओं का पुतला दहन भी किया गया।जाएगा। चिकित्सकों का कहना है कि प्रदेश के समस्त चिकित्सक संगठन पिछले कई वर्षों से स्वास्थ व्यवस्था में सुधार की बात करते रहे हैं, परंतु प्रशासनिक अधिकारियों की उदासीनता एवं अतार्किक नीति निर्धारण के कारण प्रदेश स्वास्थ क्षेत्र में कार्यरात चिकित्सक आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
कल समस्त चिकित्सक कार्यस्थल (समस्त जिला अस्पताल, ईएसआई अस्पताल, मेडिकल कॉलेज) पर काली पट्टी लगाकर काम करेंगे एवं अमानक दवाईयो की प्रतीकात्मक होली दहन करेंगे। 22 फरवरी, शनिवार को चिकित्सक सामूहिक उपवास रखेंगे एवं मास्क पहनकर भोजन अवकाश में दोपहर आधा घंटे 12 से 1 तक अपने कार्यस्थल के बाहर विरोध प्रदर्शन करेंगे।
दरअसल उच्च न्यायालय से आदेशित उच्च स्तरीय समिति का गठन ,कैबिनेट से पारित एनपीए का सही क्रियान्वयन ,सातवें वेतनमान का वास्तविक लाभ 1 जनवरी 2016 से देना, उच्चतम न्यायालय द्वारा गठित नेशनल टास्क फ़ोर्स के सुरक्षा निर्देशों का क्रियान्वयन एवं चिकित्सा क्षेत्र में प्रशासनिक दखलंदाजी विषय में चिकित्सकों ने नाजगरी जाहिर की है। जिसको लेकर डॉक्टर्स ने संपूर्ण मध्य प्रदेश में चिकित्सक महासंघ ने सम्पूर्ण मध्यप्रदेश में काली पट्टी बांध काम करने मजबूर हो रहे है। 24 फरवरी, सोमवार को दोपहर 12:30 से 1:30 तक 1 घंटे तक कार्यस्थल के बहार प्रदर्शन करेंगे। 25 फरवरी को उग्र आंदोलन प्रारंभ किया जाएगा
