
टेंडर प्रक्रिया पूरी, भूमि पूजन का है इंतजार
फैक्ट फाइल
प्रोजेक्ट की लागत लगभग 200 करोड रुपए
राशि स्वीकृत हुई लगभग 2 साल पहले
वस्तु स्थिति टेंडर प्रक्रिया हुई पूरी
परंतु अभी नहीं हुआ भूमि पूजन
जबलपुर, नवभारत। शहर के एम्पायर टॉकीज तिराहे से शुरू होकर पेंटीनाका चौक होते हुए वाईएमसीए ग्राउंड तक बनने वाले फ्लाईओवर का भूमिपूजन अगले महीने मार्च तक होने की प्रबल संभावना है। सूत्रों की माने तो इस फ्लाईओवर को बनाने में लगभग 200 करोड रुपए की राशि खर्च होगी जो दो साल पहले ही सैंक्शन हो चुकी है इतना ही नहीं इस फ्लाईओवर की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट भी बनाई जा चुकी है। लेकिन यह प्रोजेक्ट टेंडर प्रक्रिया के फेर में फंस गया था। परंतु अब एमपीआरडीसी के प्रोजेक्ट इंचार्ज आर एस चंदेल कि माने तो इस फ्लाईओवर की टेंडर प्रक्रिया पुरी की जा चुकी है और इसे विभाग के टेंडर कमेटी को भी भेजा जा चुका है। वही कैंट विधायक अशोक रोहाणी ने अगले महीने मार्च तक इसके भूमिपूजन होने की बात कही है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो ये दावे धरातल पर जल्द ही उतर सकते हैं। जानकारों के मुताबिक यह प्रोजेक्ट कटंगा गोरखपुर के पास बनाए गए फ्लाईओवर से ज्यादा जरूरी है, क्योंकि यहाँ पर हर दस मिनट में जाम के हालात बन जाते हैं और स्कूल कॉलेज के छात्र व क्षेत्रीय नागरिक परेशान होते है।
सर्व नहीं हुए नोटिस
टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद फ्लाईओवर का निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाना है। परंतु अभी तक एमपीआरडीसी के अधिकारियों द्वारा भारत माता चौक के आसपास फैले अतिक्रमणों को हटाने के लिए नोटिस तक सर्व नहीं कराए है। वही सूत्रों की मानें तो फ्लाईओवर के निर्माण से पहले साइड रोड बनेगी। इतना ही नहीं, सर्विस रोड के लिए अलग से जगह निकाली जाएगी। यहां लगे बिजली पोल, ड्रेनेज लाइन, पानी की पाइप लाइन को भी शिफ्ट किया जाएगा। इन सब कामों को करने के बाद ही फ्लाईओवर का निर्माण निर्बाध रूप से किया जा सकता है। यही नहीं ठेका कंपनी को समय पर खाली जगह नहीं मिलेगी तो इस फ्लाईओवर के निर्माण में ठेका कंपनी लेटलतीफी कर सकती है। यहाँ से अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई सबसे पहले होनी चाहिए।
इनका कहना है
इस प्रोजेक्ट के बारे में हमें पूरी जानकारी है। मार्च तक इस फ्लाईओवर के निर्माण का भूमि पूजन किया जा सकता है। जल्द से जल्द इसका कार्य चालू किया जाएगा।
अशोक रोहाणी, विधायक कैंट, जबलपुर
इस प्रोजेक्ट की टेंडर प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है और विभाग के टेंडर कमेटी को भी भेजी जा चुकी है। शीघ्र ही आगे का कामों को निर्धारित कर इस फ्लाईओवर के निर्माण कार्य को शुरू किया जाएगा। आर एस चंदेल, प्रोजेक्ट इंचार्ज, एमपीआरडीसी
