
कटनी। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित पोषण ट्रेकर एप अपडेट नहीं होने की बात कहकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से हजारों रूपए की सायबर ठगी का मामला सामने आया है। कतिपय अज्ञात ठगों द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को फोन लगाकर अपने झांसे में लेकर उनसे ओटीपी लेकर खाते से अनाधिकृत रूप से रूपयों का ट्रांजक्शन किया जा रहा है। पुलिस प्रशासन द्वारा सायबर फ्रॉड को रोकने के उद्देश्य से चलाए जा रहे जागरूकता अभियान के बावजदू न तो लोग जागरूक हो रहे हैं और न ही इस तरह ठगी करने वाले लोग पकड़े जा रहे हैं। जिसका खामियाजा लोगों को आर्थिक नुकसान के रूप में उठाना पड़ रहा है। बताया जाता है कि कतिपय अज्ञात लोगों द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग का अधिकारी बनकर फोन किया जा रहा है। फोन करने वाला व्यक्ति आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से यह कहता है कि आपके खाते में 6 सौ रूपए आना है लेकिन केवायसी की समस्या के कारण आपके खाते में पैसा नहीं आ पा रहा है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से यह भी कहा जाता है कि आपका पोषण ट्रेकर एप अपडेट नहीं है। जिससे राशि भेजने में दिक्कत आ रही है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मोनिका प्रजापति पति कमलेश प्रजापति को फोन पर यह कहा गया कि आप फोन-पे एप चलाती हैं तो उसने कहा कि में नहीं चलाती।
सायबर ठग ने पूछा कि क्या आपके पति चलाते हैं, तो महिला ने कहा कि मेरे पति भी नहीं चलाते। तब महिला ने भनेज नरेन्द्र प्रजापति द्वारा फोन पे चलाने की जानकारी दी। जिस पर सायबर ठग ने उसके मोबाइल नंबर पर कुछ राशि भेजी और बाद में ओटीपी मांगा, जैसे ही महिला ने ओटीपी दिया, वैसे ही नरेन्द्र प्रजापति के खाते से दो हजार रूपए की राशि का ट्रांजक्शन हो गया।
