मांडू मैं पर्यटन और सौंदर्यीकरण की योजनाएं बनाएंगे-मंत्री प्रतिमा बागरी

 

धार. मांडू का प्राचीन इतिहास और प्राकृतिक सौंदर्य बेहद आकर्षक है। मांडू हमारे प्रदेश का ही नहीं बल्कि देश का प्राचीन और बड़ा पर्यटन स्थल है। मांडू का भ्रमण कर यहां के विशाल महलों को देख मैं अचंभित हूं। हमारा विभाग मांडू में पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ सौंदर्यीकरण की योजनाए बनाएगा।

यह बात मांडू पहुंची मध्य प्रदेश की नगरीय प्रशासन एवं आवास विभाग की राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी ने मीडिया से चर्चा के दौरान कही। मंत्री बागरी ने चर्चा में आगे कहा कि हमारा विभाग पर्यटन स्थलों पर सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार काम कर रहा है। पर्यटन स्थलों पर विभाग एवं निकायों द्वारा कार्य किए जा रहे हैं। मांडू में पर्यटन को लेकर बेहद संभावनाएं नजर आती हैं। मैं पिछले 2 दिन से यहां मौजूद हूं। यहां प्राकृतिक सौंदर्य और इतिहास के साथ वास्तुकला, धर्म और संस्कृति का अद्भुत तालमेल देखने को मिलता है जो अन्य पर्यटन स्थलों पर कम ही देखने को मिलता है। यहां का जहाज महल और चतुर्भुज श्री राम मंदिर अद्भुत है। मैंने जनप्रतिनिधियों से मांडू के विकास की योजनाएं तैयार कर भोपाल भेजने के लिए कहा है। मंत्री बागरी ने चर्चा में आगे कहा कि मैं इस बात का प्रयास करूंगी की मांडू के विकास में विभाग के माध्यम से कभी कोई कमी ना रहे। एक प्रश्न के जवाब में उन्होंने कहा कि मांडू और जिले सहित मध्य प्रदेश की स्थानीय निकायों में जो पद खाली है उन्हें जल्द ही भर दिया जाएगा।इधर 31 दिसंबर को प्रतिमा बागरी मांडू पहुंची थी। यहां उन्होंने ऐतिहासिक रानी रूपमती महल, जहाज महल, नीलकंठ महादेव मंदिर, चतुर्भुज श्री राम मंदिर के साथ विभिन्न पर्यटन एवं धार्मिक स्थान का भ्रमण किया। मांडू पहुंचने पर विधायक कालूसिंह ठाकुर, भाजपा जिला अध्यक्ष मनोज सोमानी, सीएमओ लालसिंह राठौड़ जिला प्रतिनिधि रविंद्र परिहार, मांडू नप उपाध्यक्ष कृष्ण यादव बुनकर प्रकोष्ठ की जिला संयोजक नेहा वीरेंद्र जायसवाल, सोनू यादव विधायक प्रतिनिधि सुधांशु तिवारी, धरमपुरी मंडल अध्यक्ष प्रशांत शर्मा, जनपद सदस्य पवन कुशवाहा, यश यादव ,विजय ठाकुर ने स्वागत कर उन्हें मांडू का प्रतीक चिन्ह भेंट किया।

 

 

 

मंत्री ने खरीदे मांडू और बाग प्रिंट के उत्पाद

 

 

मंत्री प्रतिमा बागरी ने बाग प्रिंट और मांडू प्रिंट के उत्पादों को देखा उनकी जानकारी ली और खरीदारी भी की। उन्होंने कहा कि पर्यटन नगरी पर आदिवासी वर्ग का पलायन को रोकने के लिए यहां पर बुनकर कला, हस्तशिल्प और उद्योगों के माध्यम से रोजगार को बढ़ावा देने की योजना बनाएंगे। उन्होंने कहा मांडू और बाग प्रिंट की कला अद्भुत है। यदि यहां खादी वस्त्रो का निर्माण कर उनके विक्रय की व्यवस्था की जाए तो विभाग अपनी ओर से मदद करने को तैयार है। यहां कलाकार नेहा जायसवाल ने उन्हें बाग प्रिंट का वस्त्र भेंट किया और वस्त्र निर्माण की विधि को समझाया।

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