भोपाल: दीपावली पर पटाखा बाजारों में आगजनी की घटनाओं को रोकने के लिए नगर निगम ने अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की जांच तेज कर दी है. निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार के निर्देश पर सोमवार को फायर ब्रिगेड के अधिकारियों ने हलालपुर पटाखा बाजार का निरीक्षण किया. इस दौरान अग्निशमन व्यवस्था में कई कमियां मिलने पर पटाखा व्यवसायियों को नोटिस जारी कर उन्हें तत्काल दूर करने के निर्देश दिए गए. निगम आयुक्त ने सुबह 6 बजे हलालपुर पटाखा बाजार का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए थे.
इसके बाद फायर ऑफिसर सौरभ पटेल सहित फायर ब्रिगेड और स्वास्थ्य विभाग के अमले ने दुकानों की जांच की. निरीक्षण में दुकानों के बाहर गत्ते, टायर और कागज जैसे ज्वलनशील पदार्थ मिले. बिजली के तार खुले हुए थे और कई दुकानों पर पर्याप्त फायर एक्सटिंग्विशर नहीं थे. बाजार का आपातकालीन द्वार बंद मिला. अग्निशमन के लिए पानी की मात्रा भी कम पाई गई. रेत की बाल्टियों में कचरा भरा था, जबकि कुछ दुकानों पर बाल्टियां उपलब्ध नहीं थीं. निगम अमले ने ज्वलनशील सामग्री हटाने, बिजली के तारों की टेपिंग कराने, पर्याप्त फायर एक्सटिंग्विशर और पानी की व्यवस्था करने तथा आपातकालीन द्वार तत्काल खुलवाने के निर्देश दिए. बाजार में शराब की खाली बोतलें मिलने पर मदिरापान और धूम्रपान पूरी तरह प्रतिबंधित करने को कहा गया. गंदगी फैलाने पर 8 हजार रुपए का स्पॉट फाइन भी वसूला गया.
– लाइसेंस निरस्तीकरण की चेतावनी
निगम ने सभी पटाखा व्यवसायियों को जारी नोटिस में वैध लाइसेंस रखने, अधिकृत निर्माताओं से ही आतिशबाजी खरीदने और उसे मूल पैकिंग या स्पार्क-प्रूफ कंटेनरों में रखने के निर्देश दिए हैं. दुकानों में पेट्रोल, डीजल, माचिस और लाइटर जैसे ज्वलनशील पदार्थ रखना प्रतिबंधित रहेगा. दुकानों के मुख्य दरवाजे बाहर की ओर खुलने और आपातकालीन निकास बाधा रहित रखने की अनिवार्यता भी बताई गई है. बाजार में केवल एलईडी लाइट और एमसीबी का उपयोग करने, मोमबत्ती, लालटेन व चिमनी नहीं जलाने तथा आतिशबाजी का आंतरिक प्रदर्शन नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं. प्रत्येक दुकान पर डीसीपी और सीओटू फायर एक्सटिंग्विशर उपलब्ध होने चाहिए. दुकानदारों और कर्मचारियों को इनके संचालन का प्रशिक्षण भी होना जरूरी है.
