
सिंगरौली । स्वामित्व योजना में निष्पादक की भूमिका से हटाए जाने के विरोध में शुरू हुआ पटवारियों का आंदोलन अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। निलंबन और सेवा समाप्ति जैसी दंडात्मक कार्रवाइयों से नाराज मध्यप्रदेश पटवारी संघ ने अपने तेवर कड़े करते हुए आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है।
इसी क्रम में जिले के सभी तहसीलो के पटवारियों ने आज शुक्रवार को सुबह 10:30 बजे से देवसर उपखंड कार्यालय के सामने अनशन शुरू करने की घोषणा की है। संघ का कहना है कि जब तक विवादित आदेश निरस्त नहीं किए जाते, तब तक आंदोलन वापस लेने का सवाल ही नहीं उठता। जिले में 10 पटवारियों के निलंबन तथा प्रदेश के विभिन्न जिलों में परिवीक्षाधीन पटवारियों की सेवाएं समाप्त किए जाने सहित अन्य दंडात्मक कार्रवाइयों ने संगठन की नाराजगी बढ़ा दी है। पटवारी संघ इन कार्रवाइयों को लेकर विरोध जता रहा है और संबंधित आदेशों को वापस लेने की मांग कर रहा है। संगठन का मानना है कि मांगों पर सकारात्मक निर्णय होने के बजाय कार्रवाई किए जाने से कर्मचारियों में असंतोष गहराया है। वहीं अपनी मांगों को लेकर पटवारी संघ पहले भी कलेक्टर को ज्ञापन सौंप चुका है। इसके बावजूद समाधान नहीं निकलने पर अब जिले के सभी तहसीलो के पटवारियों ने अनशन के जरिए विरोध दर्ज कराने का निर्णय लिया है। उपखंड के साथ-साथ तहसील कार्यालयों के सामने प्रस्तावित इस आंदोलन के माध्यम से संगठन प्रशासन का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित करना चाहता है। पटवारियों के इस आंदोलन से सरकार व प्रशासन की भी सांसे फूलने लगी हैं।
राजस्व कार्यों पर असर की आशंका
पटवारियों के आंदोलन के तेज होने से राजस्व विभाग के कामकाज पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। जमीन संबंधी कार्यों, राजस्व प्रकरणों और आम नागरिकों को मिलने वाली सेवाओं में देरी की स्थिति बन सकती है। अब प्रशासन की प्रतिक्रिया पर सबकी निगाहें टिकी हैं। यदि मांगों पर सहमति नहीं बनती है तो आंदोलन के और व्यापक होने की संभावना है। पटवारी संघ ने स्पष्ट किया है कि संबंधित आदेश निरस्त होने तक उसका विरोध जारी रहेगा।
अब होगी आर-पार की लड़ाई: प्रभाकर
शासन-प्रशासन की रवैया ठीक नही है, गलत तरीके से दबाव दिया जा रहा है, इन कार्रवाइयों से म.प्र. पटवारी संघ डरने-झुकने वाला नही है। लड़ाई आर-पार की होगी। उक्त बाते म.प्र. पटवारी संघ जिला ईकाई सिंगरौली के जिलाध्यक्ष प्रभाकर सिंह चौहान ने कही है। उन्होंने कहा हैै कि सिंगरौली के प्रशासन ने बीते दिन गुरूवार को 10 पटवारियों को निलंबित किया है। इसके अलावा प्रदेश के अन्य जिलो में भी कार्रवाई की जा रही है। पटवारी संघ उक्त कार्रवाई का विरोध कर रहा है। उन्होंने आगे कहा है कि जिले के चितरंगी, देवसर, बरगवां, दुधमनिया, सरई, माड़ा, सिंगरौली शहर एवं सिंगरौली ग्रामीण के सभी पटवारी लामबंद होकर प्रदेशाध्यक्ष के आहवान पर बेमियादी धरना प्रदर्शन आज शुक्रवार से शुरू हो गया है। जब तक मांगे पूरी नही होंगी और कार्रवाई को वापस नही ली जाएगी, तब तक धरना चलता रहेगा।
