देवसर: देवसर से पुरानी देवसर, सरई सहित आसपास के दर्जनों गांवों को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्ग पर ग्राम सहूआर में महान नदी पर बना क्षतिग्रस्त पुल अब हादसे का खतरा बनता जा रहा है। पुल के पूर्वी हिस्से के शुरुआती दो पिलरों के नीचे धंसाव होने से स्लैब झुक गया है। इसके बावजूद छोटे वाहन, ऑटो एवं ट्रैक्टरों का आवागमन जारी है, जिससे कभी भी गंभीर दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
इस मामले को लेकर पूर्व अध्यक्ष जिला कांग्रेस कमेटी सिंगरौली ग्रामीण ज्ञानेन्द्र द्विवेदी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने जिला प्रशासन, उपखंड प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन से क्षतिग्रस्त पुल की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है।
ज्ञानेन्द्र द्विवेदी ने कहा कि देवसर-पुरानी देवसर मार्ग अत्यंत महत्वपूर्ण एवं व्यस्त मार्ग है। इसी मार्ग से सरई, बरका, पेडरा, पुरेल, अंतरवा, चरकी, चटनिहा, खंधौली सहित अनेक गांवों एवं ग्राम पंचायतों के लोगों का आवागमन होता है। मार्ग पर यात्री बसों के साथ मालवाहक वाहन, टैक्सियां, चार पहिया वाहन, ऑटो एवं दोपहिया वाहनों की लगातार आवाजाही रहती है।
उन्होंने कहा कि पुल के पिलरों के नीचे धंसाव और स्लैब के झुकने की स्थिति को देखते हुए छोटे वाहनों का आवागमन भी जोखिम भरा है। प्रशासन को किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार करने के बजाय तत्काल मौके का निरीक्षण कराकर पुल की तकनीकी जांच एवं मरम्मत कार्य शुरू कराना चाहिए।
एसडीएम से मौके पर निरीक्षण की मांग
कांग्रेसी नेता ज्ञानेन्द्र द्विवेदी ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व देवसर से स्वयं स्थल निरीक्षण कर लोक निर्माण विभाग को तत्काल आवश्यक निर्देश देने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि मरम्मत कार्य के दौरान सुरक्षा की दृष्टि से पुल पर आवागमन पूर्णतः बंद रखा जाए, ताकि किसी प्रकार की जनहानि न हो।
उन्होंने प्रशासन से यह भी कहा कि पुल को लंबे समय तक बंद रखना समाधान नहीं है। आमजन, छोटे व्यापारियों एवं ग्रामीणों की आवाजाही तथा सामग्री परिवहन प्रभावित न हो, इसके लिए क्षतिग्रस्त पुल का शीघ्र स्थायी सुधार कराया जाना आवश्यक है।
