
सारंगपुर। वरिष्ठ भाजपा नेता व प्रसिद्ध व्यवसायी पुरुषोत्तम दंडवानी और गोकुल दंडवानी के निवास पर हुई चोरी व गृह-अतिचार की वारदात में न्यायालय ने त्वरित और कडा फैसला सुनाया है. द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश तरुण सिंह के न्यायालय ने मामले की गंभीरता और अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत ठोस साक्ष्यों के आधार पर तीनों अभियुक्तों को दोषी ठहराते हुए 7-7 वर्ष के कठोर कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई है. इस मामले में राजगढ़ एसपी अमित तोलानी की सघन जांच और कार्रवाई के कारण एक वर्ष बीतने से पहले आरोपितों को सजा हुई है, जिससें पुलिस और न्यायालय के प्रति लोगो का भरोसा जगा है.
घटना थाना सारंगपुर क्षेत्र की है, जहाँ वरिष्ठ भाजपा नेता व व्यवसायी श्रीदंडवानी के घर को अपराधियों ने निशाना बनाया था. आरोपित रात्रि के समय अवैध रूप से घर में घुसे और चोरी के साथ-साथ मारपीट जैसी वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए थे. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अपराध दर्ज किया. गहन विवेचना के बाद पुलिस ने आरोपितों को गिरफ्तार कर न्यायालय में चालान पेश किया.
इन दोषियों को मिली सजा-मामले में दोषी पाए गए तीनों आरोपित आपराधिक पृष्ठभूमि से संबंध रखते हैं तथा जिला गुना के निवासी हैं, जिसमें साहिल पिता समरथ मोंगिया, समरथ पिता मुकद्दर पारदी तथा मुकद्दर पिता अर्जुन पारदी (तीनों निवासी पारदी चक, ग्राम मुरादपुर, थाना धरनावदा, जिला गुना है. न्यायालयीन विचारण के दौरान तीनो पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 312 और 331(6) के तहत मामला चलाया गया. मुख्य अपराध धारा 312 बीएनएस के तहत सिद्ध होने पर अदालत ने सजा निर्धारित की. तीनों अभियुक्तों साहिल, समरथ और मुकद्दर को 7-7 वर्ष का कठोर कारावास का दंड दिया गया. मामले में अभियोजन की ओर से सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी बृज किशोर चौहान ने प्रभावी पैरवी की.
