मिदनापुर, 18 सितंबर (वार्ता) पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम विधानसभा उपचुनाव से पहले तृणमूल कांग्रेस (ममता गुट) प्रमुख ममता बनर्जी के कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को अपना समर्थन देने की घोषणा के कुछ ही घंटों बाद पुलिस ने श्री प्रधान और पार्टी के चुनाव प्रभारी को हिरासत में ले लिया। कांग्रेस ने इस पुलिसिया कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध और दबाव की राजनीति करार दिया है।
पूर्वी मिदनापुर जिला कांग्रेस अध्यक्ष शेख मतीन ने बताया कि पुलिस ने नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान और उपचुनाव के चुनाव अभियान प्रभारी तथा प्रदेश कांग्रेस सचिव सुभाशीष भट्टाचार्य को हिरासत में ले लिया है। श्री मतीन ने आरोप लगाया कि चंडीपुर या नंदीग्राम पुलिस में से किसी ने भी औपचारिक रूप से यह जानकारी नहीं दी है कि दोनों नेताओं को कहाँ रखा गया है, जो पूरी तरह से गैर-लोकतांत्रिक है।
कांग्रेस नेताओं का दावा है कि श्री प्रधान को वर्ष 2007 के नंदीग्राम भूमि अधिग्रहण विरोधी आंदोलन से जुड़े एक पुराने मामले में निशाना बनाकर पकड़ा गया है। पार्टी का तर्क है कि नामांकन दाखिल करते समय कोई कार्रवाई नहीं की गई, लेकिन जैसे ही ममता बनर्जी ने नंदीग्राम सीट से अपनी उम्मीदवार संचिता प्रधान डे के नाम वापसी के बाद कांग्रेस प्रत्याशी को समर्थन देने का ऐलान किया, वैसे ही पुलिस प्रशासन को कार्रवाई के लिए आगे कर दिया गया। कांग्रेस ने मांग की है कि पुलिस प्रशासन दोनों नेताओं की स्थिति और कानूनी प्रावधानों को तुरंत स्पष्ट करे। नंदीग्राम में 6 अक्टूबर को मतदान और 9 अक्टूबर को मतगणना होनी तय है।
