इंदौर: सिंहस्थ-2028 को देखते हुए इंदौर-उज्जैन क्षेत्र में रेलवे सुविधाओं के विस्तार को लेकर जनप्रतिनिधियों ने रेलवे बोर्ड के समक्ष मांगों का पिटारा खोल दिया. जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट ने रेलवे बोर्ड चेयरमैन एवं सीईओ सतीश कुमार से मुलाकात कर सांवेर सहित जिले में नई ट्रेनें, अतिरिक्त फेरे, ठहराव और स्टेशन विकास की मांग रखी. वहीं सांसद शंकर लालवानी ने रेलवे अधिकारियों के साथ परियोजनाओं की समीक्षा कर कार्यों में देरी पर नाराजगी जताई और सिंहस्थ से पहले सभी काम पूरे करने के निर्देश दिए.
सिलावट ने महू-उज्जैन वाया फतेहाबाद-चंद्रावतीगंज तथा इंदौर-उज्जैन वाया मांगलिया-बरलाई जागीर-देवास के बीच बंद मेमू/डेमू सेवा फिर शुरू करने और डेमू के स्थान पर मेमू चलाने की मांग की. इंदौर-रतलाम की सभी मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों का लक्ष्मीबाई नगर व फतेहाबाद में ठहराव, इंदौर-अमृतसर एक्सप्रेस को सप्ताह में 4 दिन, इंदौर-नई दिल्ली एक्सप्रेस को प्रतिदिन, बीकानेर महामना एक्सप्रेस को 4 दिन और इंदौर-दिल्ली एक्सप्रेस को दैनिक करने की मांग रखी। रतलाम-ग्वालियर एक्सप्रेस को नीमच तथा सप्ताह में तीन दिन भिंड से इटावा तक बढ़ाने, 17606/17605 भगत की कोठी-काचीगुडा एक्सप्रेस का फतेहाबाद में ठहराव, अतिरिक्त लोकल व ऑर्डिनरी ट्रेनें चलाने की मांग भी की. फतेहाबाद-चंद्रावतीगंज व मांगलिया को आदर्श स्टेशन, पालिया-बालोदा-अजनोद में हाईलेवल प्लेटफॉर्म, अजनोद में पुल, बरलाई जागीर को कार्गो स्टेशन, रतलाम-लक्ष्मीबाई नगर दोहरीकरण, टिकट खिड़कियां बढ़ाने, आरयूबी में जल निकासी, अजनोद-बलघारा अंडरब्रिज, बड़नगर कवर शेड और गौतमपुरा हाईलेवल प्लेटफॉर्म की मांग भी उठी। मांगलिया आरओबी का रेलवे हिस्सा जल्द शुरू कराने पर अक्टूबर 2027 तक काम पूरा करने का आश्वासन मिला.
गुणवत्ता सुधारने के निर्देश
लालवानी ने 14802 इंदौर-जोधपुर, 12465 रणथंभौर और 12415 इंदौर-दिल्ली एक्सप्रेस के संचालन व समय पर भी चर्चा की. प्लेटफॉर्म 5-6 का दबाव कम कर 1 से 4 तक संचालन व्यवस्थित करने, सफाई व बेडशीट की गुणवत्ता सुधारने के निर्देश दिए. शास्त्री ब्रिज के स्थायी समाधान के लिए सर्वे और इंदौर स्टेशन पुनर्विकास कार्यों में तेजी पर भी जोर दिया। रेलवे बोर्ड अध्यक्ष ने सिंहस्थ से जुड़े सभी कार्य समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे कराने का भरोसा दिया.
