
सागर। मध्य प्रदेश के सागर जिले मे बिना अनुमति अवैध रूप से प्लॉटिंग करने और कॉलोनी विकसित करने वालो के खिलाफ कलेक्टर न्यायालय से जारी आदेशों के तहत अवैध कॉलोनी निर्माणकर्ताओं को नोटिस जारी कर अवैध चिन्हांकन और निर्माण हटाने के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। तय सीमा में पालन न करने पर एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। बीना (मौजा इटावा): खसरा नंबर 514/2/1/1/1/1/1/1/1/1/1/1/1 (रकबा 0.717 हेक्टेयर) भूमि पर अवैध प्लॉटिंग करने पर अनावेदक आदित्य पिता देवेन्द्र सिंह ठाकुर के खिलाफ कार्रवाई की गई है।
बिना व्यपवर्तन (डायवर्जन) और बिना कॉलोनाइजर लाइसेंस के यहाँ 28 भूखंड बेचे गए। रहली (मौजा खमरिया): खसरा नंबर 221/1/1 (रकबा 0.164 हेक्टेयर) कृषि भूमि पर बिना डायवर्जन एवं स्वीकृति के अवैध कॉलोनी निर्माण पर महेंद्र उर्फ मुन्ना पिता रामनाथ घोषी के विरुद्ध आदेश जारी किया गया है। रहली (मौजा खमरिया): खसरा नंबर 537/2 (रकबा 0.394 हेक्टेयर) पर बिना अनुज्ञा एवं विकास कार्यों के प्लॉट बेचने के मामले में श्रीमती पुष्पा पति विनोद जैन पर कार्रवाई की गई है। रहली (मौजा रहलीखास): खसरा नंबर 309/42/1/1/1 (रकबा 0.2845 हेक्टेयर) भूमि पर बिना अनुमति प्लॉटिंग करने पर चंद्रभान पिता द्वारकाप्रसाद शर्मा के खिलाफ आदेश पारित किया गया। रहली (मौजा बमूराजैसिंह): खसरा नंबर 10/6/1/1/1/1/1/1 (रकबा 1.227 हेक्टेयर) पर बिना सक्षम अनुज्ञा के भूखंडों का विक्रय करने पर श्रीमती संजना पति संतोष तिवारी के विरुद्ध कार्रवाई की गई है।मध्यप्रदेश नगर पालिका (कॉलोनी विकास) नियम 2021 के तहत कलेक्टर ने संबंधित अनुविभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि संबंधित जमीनों की क्रय-विक्रय रोक हेतु उप-पंजीयक कार्यालय को सूची भेजी जाए। 15 दिवस की समयावधि में अनाधिकृत निर्माण न हटाने की स्थिति में प्रशासन द्वारा बुलडोजर चलाकर निर्माण हटाया जाएगा, खसरे के कॉलम नंबर 12 में ‘अहस्तांतरणीय’ दर्ज किया जाएगा तथा संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।
