नयी दिल्ली, 27 अगस्त (वार्ता) केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने देश की युवा शक्ति को जोड़कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत” के विजन में भागीदारी बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया है।
वह यहां के माता सुंदरी कॉलेज में खेलो इंडिया संवाद में सहभागिता कर रहे थे। यह जानकारी यहां जारी एक आधिकारिक बयान में दी गयी है। इस अवसर पर उन्होंने युवाओं के सुझावों को महत्व देने, खेलों के साथ मानसिक स्वास्थ्य व पोषण सेवाओं पर ध्यान देने और नशा मुक्त भारत पर फोकस करते हुए छात्राओं को नशा मुक्ति के लिए शपथ भी दिलाई।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मुख्य आतिथ्य में हुए इस देशव्यापी आयोजन में दिल्ली के कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने छात्राओं का अभिवादन किया और यह संवाद प्रधानमंत्री श्री मोदी के संदेश से जुड़ा हुआ और मंच पूरी तरह खुला रखा गया ताकि हर छात्रा को अपनी बात रखने का समय मिल सके।
श्री चौहान ने अपने संबोधन में खेलों को समग्र विकास का अहम हिस्सा बताया और कहा कि खेल पढ़ाई जितने ही महत्वपूर्ण हैं क्योंकि वे अनुशासन, आत्मविश्वास, सहनशीलता और व्यक्तित्व निर्माण में मदद करते हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं के सुझावों को सुनकर नीतियों में आवश्यक संशोधन और कार्यान्वयन किया जाएगा। इस मौके पर छात्राओं ने अनेक सुझाव प्रस्तुत किए। श्री चौहान ने सभी प्रस्तुत सुझावों को ध्यान से सुना और छात्राओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि जो सुझाव व्यवहार्य हैं उन्हें संबंधित विभागों तक पहुँचाकर आगे की कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य, पोषण और ग्रामीण खेलों के विकास पर विशेष ज़ोर देने का आश्वासन दिया।
श्री चौहान ने कहा कि स्वस्थ युवा ही देश का वास्तविक बल हैं। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयारियों पर लगातार काम चल रहा है और खिलाड़ियों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
संवाद में भाग लेने वाली छात्राओं ने खुशी जताई कि उन्हें सीधे मंत्री से बात करने और अपनी समस्याएँ व सुझाव रखने का मंच मिला। कई छात्राओं ने कहा कि इस तरह के संवाद से उनके मन में उम्मीद जगी है कि नीति निर्माताओं तक आवाज़ पहुँचेगी और व्यवहारिक बदलाव दिखाई देंगे।
