बेंगलुरु, भारत के चुनाव आयोग ने कर्नाटक में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की डेडलाइन में बड़ा बदलाव किया है। मुख्य चुनाव अधिकारी की मांग के बाद पोल पैनल ने यह निर्णय लिया है, जिससे अब बूथ लेवल अधिकारियों (BLOs) के अभियान को 17 अगस्त तक बढ़ा दिया गया है।
नए शेड्यूल के तहत अहम तारीखें
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, राज्य में अब ड्राफ्ट वोटर लिस्ट 24 अगस्त को प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद 24 अगस्त से 22 अक्टूबर तक दावों और आपत्तियों के निपटान का कार्य चलेगा, और अंत में 27 अक्टूबर 2026 को फाइनल वोटर लिस्ट जारी कर दी जाएगी।
सूची में बड़े पैमाने पर विसंगतियां उजागर
कर्नाटक के मुख्य चुनाव अधिकारी की रिपोर्ट के मुताबिक, कुल 5.54 करोड़ से अधिक मतदाताओं में से लगभग 19.81 प्रतिशत प्रविष्टियों में मृत, डुप्लीकेट या स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाताओं (ASDDO) की पहचान की गई है। इस पूरी प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची को पूरी तरह शुद्ध और पारदर्शी बनाना है।

