नई दिल्ली, राजधानी के जंतर-मंतर पर परीक्षा सुधारों और पेपर लीक के विरोध में चल रहा ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) का आंदोलन 22वें दिन भी पूरी मजबूती से जारी है। सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपने अनिश्चितकालीन अनशन के 14वें दिन जनता से भावनात्मक अपील की। उन्होंने कहा कि लोगों को किसी और में ‘हीरो’ या ‘गांधी’ तलाशने के बजाय स्वयं अपने जीवन के हीरो बनने की आवश्यकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बदलाव केवल सोशल मीडिया के समर्थन से नहीं, बल्कि सक्रिय भागीदारी से ही संभव है।
रविवार को एक दिन के उपवास का आह्वान
आंदोलन को व्यापक समर्थन देने के लिए वांगचुक ने देशभर के नागरिकों से रविवार को एक दिन का सांकेतिक अनशन रखने का आग्रह किया है। जो लोग दिल्ली नहीं आ सकते, वे अपने शहरों से उपवास कर वीडियो के माध्यम से इस मुहिम से जुड़ सकते हैं। इस दौरान पंजाबी गायक काका ने भी धरना स्थल पर पहुँचकर छात्रों के प्रति एकजुटता जाहिर की। प्रदर्शनकारी अपनी प्रमुख मांगों—परीक्षा प्रणाली में सुधार और दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई—को लेकर सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग पर अड़े हुए हैं।
20 जुलाई के संसद मार्च की तैयारी
वांगचुक ने 20 जुलाई को प्रस्तावित ‘संसद मार्च’ के लिए भारी संख्या में जुटने का आह्वान किया है। उन्होंने जोर दिया कि यह आंदोलन किसी एक संगठन का नहीं, बल्कि देश के लाखों युवाओं के भविष्य का प्रश्न है। उन्होंने नागरिकों को याद दिलाया कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए जनहित के मुद्दों पर आवाज उठाना हर जागरूक नागरिक का कर्तव्य है। आंदोलनकारियों का संकल्प स्पष्ट है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर निर्णय नहीं लेती, तब तक वे लोकतांत्रिक तरीके से अपना संघर्ष जारी रखेंगे।

