लिस्बन, यूरोपीय देश पुर्तगाल इस समय भीषण जंगल की आग (वाइल्डफायर) की चपेट में है, जिससे पूरे देश में हड़कंप मच गया है। आंकड़ों के अनुसार, इस साल अब तक 4,592 से अधिक आग की घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें लगभग 30,155 हेक्टेयर भूमि जलकर राख हो चुकी है। यह स्थिति पिछले साल की तुलना में चार गुना अधिक गंभीर है। रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले कुछ ही दिनों में आग का दायरा तेजी से बढ़ा है, जो 2017 के बाद से सबसे भयावह स्थिति को दर्शाता है।
सरकार ने देशभर में घोषित की इमरजेंसी
अत्यधिक तापमान और ‘रेड हीट’ चेतावनी के कारण पुर्तगाल सरकार ने पूरे देश में आपातकाल (इमरजेंसी) घोषित कर दी है। देश के 18 में से 12 जिलों में स्थिति अत्यंत गंभीर बनी हुई है, जिसके चलते प्रशासन ने रेड अलर्ट जारी किया है। जान-माल की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सरकार ने यूरोपीय नागरिक सुरक्षा तंत्र को सक्रिय कर दिया है, ताकि पड़ोसी देशों स्पेन और मोरक्को से अतिरिक्त अग्निशमन संसाधन और मदद जुटाई जा सके और आग को फैलने से रोका जा सके।
जलवायु परिवर्तन का बढ़ा प्रभाव
विशेषज्ञ इस विनाशकारी आग के पीछे जलवायु परिवर्तन और भीषण गर्मी को मुख्य कारण मान रहे हैं। पिछले वर्ष की तुलना में आग की घटनाओं में 70 प्रतिशत की भारी वृद्धि दर्ज की गई है। सरकार ने नागरिकों को ग्रामीण इलाकों से दूर रहने और सतर्क रहने की सख्त हिदायत दी है। प्रधानमंत्री लुइस मोंटेनेग्रो ने अंतरराष्ट्रीय सहयोग को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि आपदा प्रतिक्रिया को मजबूत करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं ताकि जल्द से जल्द स्थिति पर काबू पाया जा सके।

