
जबलपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की भोपाल जोनल कार्यालय ने नार्दर्न कोल फील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) के तत्कालीन चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) भोला सिंह के विरुद्ध धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत जबलपुर स्थित विशेष पीएमएल, न्यायालय में अभियोजन परिवाद (प्रोसिक्यूशन कंप्लेंट) प्रस्तुत किया है। मामले पर संज्ञान लेते हुए विशेष न्यायालय ने आरोपी को नोटिस जारी किया है।
ईडी की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा नई दिल्ली द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू हुई थी। आरोप है कि भोला सिंह ने एक जनवरी 2022 से 31 जनवरी 2024 के बीच एनसीएल के सीएमडी रहते हुए अपनी ज्ञात आय से अधिक संपत्ति अर्जित की। ईडी के अनुसार जांच में सामने आया कि आरोपी ने अपराध से अर्जित धन को नकदी, सोने के आभूषण तथा तीसरे पक्ष के माध्यम से बैंकिंग चैनलों से धन स्थानांतरित कर अचल संपत्ति खरीदने में उपयोग किया। जांच में यह भी पाया गया कि तीसरे पक्ष से प्राप्त 50 लाख रुपये सहित अन्य धनराशि से रांची के सेल सिटी स्थित एक फ्लैट की खरीद की गई, जिससे कथित अवैध आय को वैध संपत्ति के रूप में प्रदर्शित करने का प्रयास किया गया। ईडी ने जांच के दौरान अपराध से अर्जित कुल 2.79 करोड़ रुपये की संपत्ति चिह्नित की है। इससे पूर्व एजेंसी ने पीएमएल, के तहत 2.79 करोड़ रुपये मूल्य की चल एवं अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क भी किया था। इनमें बैंक लाकरों से बरामद सोने के आभूषण व रांची स्थित आवासीय फ्लैट शामिल हैं।
