नैवेद्य लोक की दुकानों के लिए उमड़ा उत्साह

उज्जैन: शहर में विकसित किए जा रहे नए व्यावसायिक और पर्यटन केंद्र नेवध लोक को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह दिखाई दे रहा है. नानाखेड़ा बस स्टैंड के समीप उज्जैन विकास प्राधिकरण द्वारा निर्मित नैवेध लोक की 34 दुकानों के आवंटन के लिए जारी टेंडर प्रक्रिया में 82 आवेदन प्राप्त हुए हैं.
सोमवार को टेंडर खुलने के बाद अब सभी आवेदनों की तकनीकी और दस्तावेजी जांच की जा रही है. अंतिम निर्णय अगले दो से तीन दिनों में लिया जा सकता है.

सीएम की परिकल्पना
नेवध लोक का निर्माण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल पर किया गया है. इसका भूमि पूजन और लोकार्पण भी मुख्यमंत्री ने किया था. महाकाल मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं, पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों को आधुनिक फूड स्ट्रीट का अनुभव देने के उद्देश्य से इस परियोजना को विकसित किया गया है. यह परिसर इंदौर की प्रसिद्ध 56 दुकान की तर्ज पर तैयार किया गया है, जहां विभिन्न प्रकार के खाद्य प्रतिष्ठान और खानपान से जुड़े व्यवसाय संचालित होंगे.

1 दुकान मे 14 फार्म
टेंडर प्रक्रिया में प्राप्त आवेदनों से स्पष्ट है कि कारोबारियों को इस परियोजना की व्यावसायिक संभावनाओं पर पूरा भरोसा है. कई दुकानों के लिए 10 से 14 तक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जबकि अधिकांश दुकानों के लिए एक से अधिक दावेदार सामने आए हैं. अब विकास प्राधिकरण सभी आवेदनों की तकनीकी पात्रता, दस्तावेजों और अन्य आवश्यक शर्तों की जांच कर रहा है. किसी आवेदन में तकनीकी त्रुटि या दस्तावेजी कमी पाए जाने पर उसे नियमानुसार परखा जाएगा.

30 से 90 लाख की दुकान
नवभारत से चर्चा मे विकास प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि नैवेध लोक की दुकानों की कीमत लगभग 30 लाख रुपये से लेकर 90 लाख रुपये तक निर्धारित की गई थी. इसके बावजूद बड़ी संख्या में लोगों ने आवेदन कर यह संकेत दिया है कि उज्जैन का व्यावसायिक परिदृश्य तेजी से बदल रहा है. महाकाल लोक और सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के बीच शहर में पर्यटन, व्यापार और निवेश की संभावनाएं लगातार बढ़ रही हैं. नैवेध लोक का स्थान भी इसकी सबसे बड़ी विशेषता माना जा रहा है. यह परिसर नानाखेड़ा अंतरराज्यीय बस स्टैंड के ठीक समीप स्थित है. आसपास प्रतिकल्पा जैसे व्यावसायिक एवं आवासीय प्रोजेक्ट विकसित हो चुके हैं, जबकि सी-21 मॉल भी पहले से संचालित है. ऐसे में यह क्षेत्र उज्जैन के नए कमर्शियल हब के रूप में उभरता दिखाई दे रहा है.

रोजगार का सृजन
नैवेध लोक शुरू होने के बाद न केवल स्थानीय व्यापार को नई गति मिलेगी, बल्कि बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे. महाकाल मंदिर आने वाले लाखों श्रद्धालु और पर्यटक यहां रुककर खानपान का आनंद ले सकेंगे, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी. टेंडर प्रक्रिया में अपेक्षा से अधिक आवेदन प्राप्त होना इस बात का संकेत है कि उज्जैन में विकसित हो रहे नए व्यापारिक केंद्रों पर निवेशकों और कारोबारियों का विश्वास लगातार बढ़ रहा है.

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