
नई दिल्ली। भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) ने 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस-2026 के अवसर पर देशभर में उत्साह और व्यापक भागीदारी के साथ ‘योग संगम-2026’ का आयोजन किया। आयुष मंत्रालय की वैश्विक थीम ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ के अनुरूप आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य योग के माध्यम से शारीरिक स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और समग्र जीवनशैली को बढ़ावा देना रहा।
भारतीय तटरक्षक बल के सभी पोतों और तटीय व द्वीपीय क्षेत्रों में स्थित प्रतिष्ठानों में एक साथ योग सत्र आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों में हजारों तटरक्षक कर्मियों और उनके परिवारों ने भाग लिया। प्रशिक्षित योग शिक्षकों के मार्गदर्शन में प्रतिभागियों ने योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया।
समुद्री अभियानों की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों को देखते हुए योग की उन तकनीकों पर विशेष ध्यान दिया गया, जिन्हें दैनिक जीवन में आसानी से अपनाया जा सकता है। इन अभ्यासों से शारीरिक क्षमता, मानसिक स्पष्टता, तनाव प्रबंधन, भावनात्मक संतुलन और कार्यकुशलता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
‘योग संगम-2026’ का मुख्य कार्यक्रम दिल्ली-एनसीआर के नोएडा सेक्टर-24 स्थित कोस्ट गार्ड कॉम्प्लेक्स में मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान के सहयोग से आयोजित किया गया। कार्यक्रम में भारतीय तटरक्षक बल के महानिदेशक परमेश शिवमणि, एवीएसएम, पीटीएम, टीएम ने 1000 से अधिक तटरक्षक कर्मियों और उनके परिवारों को संबोधित किया।
उन्होंने कहा कि योग शारीरिक ऊर्जा, मानसिक स्वास्थ्य और पेशेवर दक्षता बनाए रखने का प्रभावी माध्यम है, विशेष रूप से उन कर्मियों के लिए जो कठिन और संवेदनशील परिचालन परिस्थितियों में सेवाएं दे रहे हैं।
मुख्य योग सत्र का संचालन मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान की नेहा कुमारी और राहुल कुमार श्रीवास्तव ने आठ योग प्रशिक्षकों की टीम के सहयोग से किया। इस दौरान शुरुआती प्रतिभागियों से लेकर अनुभवी योग साधकों तक सभी ने योग के व्यावहारिक और आध्यात्मिक पहलुओं को समझा।
भारतीय तटरक्षक बल ने कहा कि ‘योग संगम-2026’ केवल स्वास्थ्य और फिटनेस को बढ़ावा देने वाली पहल नहीं है, बल्कि यह कर्मियों और उनके परिवारों के जीवन में संतुलन, सजगता और बेहतर जीवनशैली विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
