हैदराबाद | तृणमूल कांग्रेस के लिए मुश्किलों का दौर जारी है। विधानसभा चुनाव 2026 के बाद से ही पार्टी में मची उथल-पुथल के बीच, आज राज्यसभा सदस्य प्रकाश चिक बराइक ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया। यह एक सप्ताह के भीतर पार्टी से तीसरा इस्तीफा है। इससे पहले सुखेंदु शेखर रॉय और सुष्मिता देव भी पार्टी छोड़ चुके हैं, जिससे राज्यसभा में टीएमसी के सदस्यों की संख्या घटकर अब केवल 10 रह गई है।
चेयरमैन को सौंपा अपना इस्तीफा
सांसद प्रकाश चिक बराइक ने राज्यसभा के चेयरमैन सीपी राधाकृष्णन को अपना त्यागपत्र सौंप दिया है। उन्होंने अपने पत्र में तत्काल प्रभाव से सदस्यता छोड़ने की बात कही है। बराइक ने कहा कि उन्होंने पश्चिम बंगाल की जनता की राय का सम्मान करते हुए यह निर्णय लिया है। कार्यकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए उन्होंने राज्यसभा सचिवालय और अधिकारियों का आभार व्यक्त किया है, हालांकि भविष्य में भाजपा में शामिल होने की संभावना पर उन्होंने स्पष्ट जवाब नहीं दिया।
अंदरूनी कलह और भविष्य की अनिश्चितता
पार्टी में बढ़ती दरार और बागी तेवरों ने टीएमसी के लिए भविष्य की अनिश्चितता बढ़ा दी है। बागी नेता ऋतब्रत बनर्जी ने कांग्रेस में मर्जर की अटकलों को खारिज करते हुए दावा किया कि उनके गुट का समर्थन अब 64 विधायकों तक पहुंच गया है। वहीं, कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने किसी भी मर्जर की जानकारी होने से इनकार किया है। इस बीच, राज्यसभा चेयरमैन ने सुष्मिता देव का इस्तीफा भी स्वीकार कर लिया है, जिससे पार्टी की राजनीतिक स्थिति और अधिक कमजोर होती दिखाई दे रही है।

