नयी दिल्ली, 02 जून (वार्ता) निजी विमान सेवा कंपनी इंडिगो ने बढ़ती लागत के कारण 31 अगस्त से ब्रिटेन के वाणिज्यिक शहर मैनचेस्टर के लिए अपनी सभी उड़ानें अस्थायी रूप से बंद करने की घोषणा की है।
कंपनी ने मंगलवार रात एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि “अंतर्राष्ट्रीय हवाई क्षेत्र संबंधी जारी प्रतिबंधों के कारण उड़ानों की अवधि में उल्लेखनीय वृद्धि और चुनौतीपूर्ण लागत परिस्थितियों” को देखते हुए उसने यह निर्णय लिया है। साथ ही वह नॉर्स अटलांटिक एयरवेज से डैम्प/वेट लीज पर लिए गये छह बोइंग 787-9 ड्रीमलाइनर विमानों में से एक विमान वापस करने की योजना बना रही है।
अन्य सभी लंबी दूरी की उड़ानों का संचालन पूर्व निर्धारित योजना के अनुसार जारी रहेगा।
एयरलाइंस का कहना है कि पहले से टिकट बुक करा चुके सभी प्रभावित यात्रियों को वह अग्रिम सूचना देगी और उन्हें उपलब्ध सभी विकल्पों के साथ सहायता प्रदान करेगी, जिनमें वैकल्पिक यात्रा व्यवस्था या लागू होने पर रिफंड भी शामिल है।
इंडिगो ने साल 2025 की शुरुआत में नॉर्स अटलांटिक एयरवेज से छह बोइंग 787-9 ड्रीमलाइनर विमान डैम्प लीज पर लिए थे। इसका उद्देश्य अपने स्वयं के एयरबस ए350 विमान मिलने से पहले ही यूरोपीय बाजार में ब्रांड की रणनीतिक उपस्थिति हासिल करना था।
इस बीच, पश्चिम एशिया संकट और विमान ईंधन की बढ़ती लागत, हवाई क्षेत्र संबंधी प्रतिबंध और डॉलर के मुकाबले लगातार गिरता रुपया लागत में भारी वृद्धि का कारण बन गया है।
इंडिगो के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (नेटवर्क प्लानिंग एवं राजस्व प्रबंधन) अभिजीत दासगुप्ता ने कहा, “हमने इन वाइड-बॉडी विमानों को अल्पकालिक आधार पर शामिल किया था ताकि मैनचेस्टर जैसे उच्च संभावनाओं वाले लंबी दूरी के गंतव्यों के लिए अपनी कनेक्टिविटी को तेजी से बढ़ा सकें। हमें यात्रियों से बहुत उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली। इसलिए यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि एयरस्पेस प्रतिबंधों के कारण बढ़े हुए उड़ान समय और तेजी से बढ़ती लागतों ने हमें भारत–मैनचेस्टर सेवाओं को अस्थायी रूप से बंद करने का निर्णय लेने के लिए मजबूर किया है।”
