पटना, 26 मई (वार्ता) बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को कहा कि लोक निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल के तहत ग्रीन फिल्ड और ब्राउन फिल्ड में मेडिकल कॉलेजों का विकास किया जाएगा, जिससे राज्य में ही लोगों को बेहतर चिकित्सा शिक्षा और इलाज की सुविधा मिल सके। मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने आज लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प सभागार’ में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विभागीय कार्यों की अद्यतन स्थिति और भावी योजनाओं की जानकारी दी।
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने कहा कि पीपीपी मॉडल के तहत ग्रीन फिल्ड और ब्राउन फिल्ड में मेडिकल कॉलेजों का विकास किया जाएगा, जिससे राज्य में ही लोगों को बेहतर चिकित्सा शिक्षा और इलाज की सुविधा मिल सके। उन्होंने निर्देश दिए कि स्थानीय स्तर पर मरीजों का बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जाए तथा अनावश्यक रेफरल पर यथासंभव रोक लगाई जाए।
मुख्यमंत्री ने सभी जिला एवं अनुमंडलीय अस्पतालों में 15 अगस्त तक इस व्यवस्था को लागू करने का निर्देश देते हुए कहा कि इसकी नियमित मॉनिटरिंग जिलाधिकारी करेंगे। उन्होंने निर्माणाधीन चिकित्सा महाविद्यालयों एवं अस्पतालों के कार्यों को तेजी से पूरा करने के भी निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार लोगों को सुलभ, पारदर्शी एवं उच्चस्तरीय आधुनिक चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को लगातार बेहतर बनाया जा रहा है।
बैठक में स्वास्थ्य मंत्री निशांत , मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि तथा अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।
