
नयी दिल्ली, 19 मई (वार्ता) कांग्रेस ने कहा है कि उच्चतम न्यायालय की तीन सदस्यीय पीठ के अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच का आदेश दिये जाने के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को उनसे इस्तीफा मांग लेना चाहिए। कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर कहा कि गत छह अप्रैल को उच्चतम न्यायालय की तीन न्यायाधीशों की पीठ ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को उन आरोपों की प्रारंभिक जांच करने का निर्देश दिया था, जिनमें जनवरी 2015 से दिसंबर 2025 के बीच अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री के परिवार को कथित हितों के टकराव की स्थिति में 1,270 करोड़ रुपये के ठेके दिये जाने का मामला शामिल है। उन्होंने कहा कि यह किसी निचली अदालत या उच्च न्यायालय का नहीं, बल्कि उच्चतम न्यायालय का आदेश है। इसके बावजूद मुख्यमंत्री अब भी पद पर बने हुए हैं। श्री खांडू लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) मंत्री भी हैं और उन फाइलों पर उनका नियंत्रण है, जिनकी सीबीआई को जांच के लिए आवश्यकता पड़ सकती है।
श्री रमेश ने इस मामले में प्रधानमंत्री पर सवाल उठाते हुए तंज किया और कहा कि जिन्होंने कभी ‘न खाऊंगा, न खाने दूंगा’ कहा था, लेकिन इस मामले पर चुप क्यों है और श्री खांडू से इस्तीफा क्यों नहीं मांगा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह उच्चतम न्यायालय के आदेश का मजाक है। कांग्रेस नेता ने यह भी कहा कि भारतीय जनता पार्टी के कुछ अन्य मुख्यमंत्री भी अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जैसी श्रेणी में आते हैं।
