नयी दिल्ली, 16 मई (वार्ता) कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए आयोजित नीट परीक्षा के पेपर लीक होने और इस वजह से छात्रों की आत्महत्या की खबरों को लेकर मोदी सरकार पर हमला किया और कहा कि यह सब शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की अक्षमता का परिणाम है इसलिए उन्हें तत्काल अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
श्री खरगे ने शनिवार को सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि मोदी सरकार का ‘अमृत काल’ भर्ती और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए ‘मृत काल’ साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि खबरों के अनुसार नीट पेपर लीक से उत्पन्न तनाव और सदमे के कारण कई छात्र-छात्राओं ने आत्महत्या जैसा कदम उठाया है, जो अत्यंत दुखद और चिंताजनक है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने दावा किया कि देश में मोदी सरकार के कार्यकाल में 90 से अधिक पेपर लीक की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जिससे करोड़ों छात्र और उनके परिवार प्रभावित हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बेरोजगारी की समस्या के बीच भाजपा संरक्षित ‘पेपर लीक माफिया’ युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रहा है और सरकार की निष्पक्ष एवं पारदर्शी परीक्षा कराने की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर नीट पेपर लीक और छात्रों की आत्महत्या के मुद्दे पर चुप्पी साधने का आरोप लगाते हुए कहा कि 2024 के नीट पेपर लीक मामले में जिन अधिकारियों पर सवाल उठे, उन्हें दंडित करने के बजाय महत्वपूर्ण पद दिए गए।
श्री खरगे ने कहा कि स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन ने भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री को पत्र लिखा है। उन्होंने कहा कि अब ‘पानी सिर के ऊपर जा चुका है’ इसलिए शिक्षा मंत्री धर्मेद्र प्रधान को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने श्री मोदी से ‘परीक्षा-लीक पर चर्चा’ करने की मांग करते हुए कहा कि चुप रहने से समस्या का समाधान नहीं होगा।
