
सीधी । पटवारी बनकर एक युवक द्वारा घर में मौजूद अकेली बुजुर्ग महिला को रेलवे का 10 लाख का मुआवजा दिलाने के नाम पर लाखों के जेवरात एवं 15 हजार रुपए नकदी पार कर दिए गए। जेवर एवं नकदी गायब होने पर बुजुर्ग महिला जब संबंधित युवक के पीछे दौड़ी तो वह बाइक में रफूचक्कर हो गया। यह मामला बहरी थाना अंतर्गत कुशियारी गांव का सामने आया है। घटना के बाद पीडि़ता लखराजू शुक्ला पति जगदीश प्रसाद शुक्ला उम्र 75 वर्ष द्वारा बहरी थाना पहुंचकर घटना की रिपोर्ट की गई। रिपोर्ट में कहा गया है कि विगत 22 अप्रैल को मेरे पति निमंत्रण में चले गए थे। घर पर वह अकेली थी, शाम करीब 5 बजे एक व्यक्ति मोटर साइकिल से आया जो हेलमेट पहने हुए था। घर के बाहर मोटर साइकिल खड़ी कर मेरे पास आया और बोला कि मैं कुशियारी का पटवारी हूं। आपका रेलवे का 10 लाख का मुआवजा आया है। आप मुझे 500 रुपए दे दीजिए तो आपका मुआवजा पास करा दूंगा। यह सुनकर बुजुर्ग महिला कमरे के अंदर पैसा लेने गई तो पीछे-पीछे उक्त व्यक्ति भी पहुंच गया। बुजुर्ग महिला बरनी के अंदर से 500 रुपए निकालकर उस व्यक्ति को दे दिए। महिला का ध्यान दूसरी तरफ भटकाते हुए उक्त व्यक्ति द्वारा बरनी के अंदर रखा पर्स जिसमें 15 हजार रुपए थे। उसके साथ ही जेवरातों को भी चुरा लिया। जेवरातों में सोने का मंगलसूत्र एक नग, सोने का चैन एक नग, सोने का झुमका एक नग, सोने की मोहर 3 नग, सोने का फेरबा एक नग, सोने की तीन लॉकेट पार कर दिया गया। इसके बाद महिला को चोरी की भनक लगी तो वह जल्द घर से बाहर निकली लेकिन तब तक आरोपी मोटर साइकिल से भाग गया था। कुछ समय के अंदर ही महिला के पति भी आ गए तो उन्हें भी जानकारी दी गई। पति द्वारा तत्काल अपने लडक़े रामकृष्ण शुक्ला को फोन कर घटना की जानकारी दी गई। काफी खोजबीन की गई फिर भी अज्ञात व्यक्ति का सुरग नहीं मिली। पुलिस द्वारा अज्ञात आरोपी के विरुद्ध धारा 331(2), 305 (ए) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।
