सारनी। अर्चना पोरते के आगमन से बना उत्सव जैसा माहौल,सारनी से लगे ग्राम पंचायत धसेड स्थित दंड देव नगरी में आदिवासी अधिकारों को लेकर आयोजित बैठक ने पूरे क्षेत्र में नई ऊर्जा और जागरूकता का संचार किया। छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग की पूर्व सदस्य अर्चना पोरते के आगमन पर ग्रामवासियों ने पारंपरिक आदिवासी रीति-रिवाजों के साथ भव्य स्वागत किया, जिससे वातावरण उत्सवमय हो उठा।
दौरे के दौरान अर्चना पोरते ने बड़ा देश स्थल पहुंचकर भारत माता की विधिवत पूजा-अर्चना की और आदिवासी संस्कृति व परंपराओं को नमन किया। इसके पश्चात आयोजित बैठक में उन्होंने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और आदिवासी समाज के अधिकारों की रक्षा हेतु एकजुट होकर संघर्ष को मजबूत करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का आयोजन धसेड ग्राम के कृष्णा मर्सकोले द्वारा किया गया, जबकि संचालन भी उन्होंने कुशलतापूर्वक किया। इस अवसर पर पूर्व डिफेंस अधिकारी महेंद्र सिंह उइके ने समाज की एकता और संगठन की आवश्यकता पर जोर दिया।
बैठक में आदिवासी विकास परिषद युवा प्रभाग के जिला अध्यक्ष आजाद सिंह इरपाचे, सरपंच शांति गणेश उइके सहित बड़ी संख्या में महिलाएं, बुजुर्ग और युवा उपस्थित रहे। यह आयोजन आदिवासी समाज की एकजुटता और अधिकारों के प्रति बढ़ती जागरूकता का सशक्त प्रतीक बनकर उभरा।
