नई दिल्ली | नए वित्तीय वर्ष 2026-27 के पहले ही दिन सर्राफा बाजार में हलचल मच गई है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर आज सुबह सोने की कीमतों में 1.73% की जबरदस्त बढ़त दर्ज की गई, जिससे यह 2,541 रुपये की छलांग लगाकर 1,49,460 रुपये प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इसके विपरीत, चांदी की चमक फीकी पड़ती नजर आ रही है। चांदी आज 0.58% की गिरावट के साथ 2,39,493 रुपये प्रति किलोग्राम पर ट्रेड कर रही है। घरेलू बाजारों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने ने मजबूती दिखाई है, जहां वैश्विक भाव 0.62% बढ़कर 4,676 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया है।
देश के अलग-अलग शहरों में सोने की कीमतों में मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। मुंबई, कोलकाता और बेंगलुरु जैसे महानगरों में 24 कैरेट सोने का भाव 1,49,520 रुपये प्रति 10 ग्राम के करीब बना हुआ है। हालांकि, दिल्ली के स्थानीय सर्राफा बाजार से चौंकाने वाली खबरें आई हैं, जहां कुछ श्रेणियों में भारी उतार-चढ़ाव देखा गया है। चेन्नई में 22 कैरेट सोने की कीमत 1,36,690 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि नए वित्त वर्ष की शुरुआत और वैश्विक अस्थिरता के कारण निवेशक सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं, जिससे कीमतों को समर्थन मिल रहा है।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, कीमती धातुओं के दामों में इस बड़े बदलाव का मुख्य कारण पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव है। अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच छिड़े सैन्य संघर्ष ने वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और आर्थिक स्थिरता को प्रभावित किया है। अंतरराष्ट्रीय युद्ध की स्थितियों में अक्सर निवेशक शेयर बाजार के बजाय सोने को सुरक्षित विकल्प मानते हैं, जिससे मांग में अचानक वृद्धि हुई है। चांदी में आई गिरावट को मांग-सप्लाई और औद्योगिक खपत में आए बदलाव का परिणाम माना जा रहा है। आने वाले दिनों में युद्ध की स्थिति और वैश्विक आर्थिक आंकड़ों के आधार पर कीमतों में और अधिक उतार-चढ़ाव की संभावना जताई जा रही है।

