ग्वालियर: पड़ाव स्थित सिद्ध श्री 1008 मंशा पूर्ण हनुमान मंदिर में इस वर्ष हनुमान जन्मोत्सव को लेकर जोरदार तैयारियां की जा रही हैं। मंदिर के प्रमुख पुजारी कृष्णा गोपाल दुबे ने बताया कि मंदिर परिसर को आकर्षक और भव्य स्वरूप देने के लिए विशेष सजावट की जा रही है, जिससे श्रद्धालुओं को एक दिव्य और आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव हो सके। मंदिर समिति द्वारा इस बार आयोजन को और अधिक सुव्यवस्थित एवं भव्य बनाने के लिए कई विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं।
मंदिर प्रबंधन के अनुसार, हनुमान जयंती 2 अप्रैल गुरुवार के दिन प्रातः 5:30 बजे भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के अवसर पर विशेष आरती का आयोजन किया जाएगा। इसके पश्चात सुबह 8 बजे, दोपहर 12 बजे और शाम 7 बजे महाआरती संपन्न होगी। इन आरतियों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है, जिसके चलते प्रशासन एवं समिति द्वारा सभी आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं।
इस अवसर पर मंदिर को भव्य फूल बंगले से सजाया जाएगा, जो आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेगा। साथ ही भगवान को 56 भोग अर्पित किए जाएंगे,एवं इत्र वर्षा भी की जाएगी तथा दोनों फ्लाइओवर पर भगवा ध्वजा लहरा रहे हैं जिससे भक्तों में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। धार्मिक कार्यक्रमों के अंतर्गत रुद्राभिषेक, श्री हनुमान जी की विशेष आरती सहित कई अन्य आध्यात्मिक आयोजन भी आयोजित किए जाएंगे।
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंदिर समिति ने इस बार कई विशेष कदम उठाए हैं। मंदिर परिसर से लेकर बाहर स्थित होटल ग्रेस तक पूरे मार्ग में कार्पेट बिछाया जाएगा, ताकि गर्मी के कारण श्रद्धालुओं के पैरों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसके अतिरिक्त ठंडे पानी के टैंकरों की भी व्यवस्था की गई है, जिससे आने वाले भक्तों को राहत मिल सके।तकनीकी सुविधाओं का भी इस बार विशेष ध्यान रखा गया है। मंदिर के बाहर बड़ी स्क्रीन लगाकर भगवान के लाइव दर्शन की व्यवस्था की जाएगी, ताकि अधिक से अधिक श्रद्धालु बिना भीड़-भाड़ के दर्शन कर सकें।
साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से भी लाइव प्रसारण किया जाएगा, जिससे दूर-दराज के भक्त भी इस पावन अवसर का लाभ उठा सकें।मंदिर समिति ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे इस पावन पर्व में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर भगवान हनुमान का आशीर्वाद प्राप्त करें। साथ ही आयोजन के दौरान व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें, ताकि यह महोत्सव शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।हनुमान जन्मोत्सव को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्साह और श्रद्धा का माहौल बना हुआ है, और हर कोई इस दिव्य आयोजन का बेसब्री से इंतजार कर रहा है।ज्ञात हो कि ब्रह्मलीन महंत पंडित गोपाल दुबे जी द्वारा मंदिर पर 8 अप्रैल 1997 से श्री रामचरितमानस पाठ प्रारंभ किया गया था जो आज भी अनवरत जारी है।
