रांची | ग्रीस की राजधानी एथेंस के सनेल स्टेडियम में आयोजित ‘छठी एक्रोपोलिस अंतरराष्ट्रीय वुशु ओपन प्रतियोगिता’ में भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए कुल 23 पदकों पर कब्जा किया है। 22 देशों की कड़ी चुनौती के बीच भारतीय दल ने शानदार खेल दिखाते हुए 7 स्वर्ण, 11 रजत और 5 कांस्य पदक अपने नाम किए। इस गौरवशाली उपलब्धि में झारखंड के होनहार खिलाड़ी शौर्य सिंह ने -30 किग्रा वर्ग में कांस्य पदक जीतकर राज्य और देश को गौरवान्वित किया है। भारतीय वुशु संघ के अनुसार, यह प्रदर्शन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय मार्शल आर्ट्स के बढ़ते प्रभुत्व और खिलाड़ियों के कठिन परिश्रम का जीवंत परिणाम है।
झारखंड की ओर से इस प्रतियोगिता में इकलौते प्रतिनिधि के रूप में शामिल हुए शौर्य सिंह ने अपने तकनीकी कौशल और चपलता से प्रतिद्वंद्वियों को कड़ी टक्कर दी। उनके इस पदक की जीत के साथ ही रांची लौटने पर एयरपोर्ट पर खेल प्रेमियों और पदाधिकारियों द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। प्रतियोगिता में झारखंड वुशु एसोसिएशन के उदय साहू ने भारतीय दल के मैनेजर के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जबकि शिवेंद्र दुबे बतौर ऑब्जर्वर मौजूद रहे। शौर्य की इस सफलता ने साबित कर दिया है कि सीमित संसाधनों के बावजूद झारखंड के खिलाड़ी वैश्विक मंच पर अपनी अमिट छाप छोड़ने में सक्षम हैं।
प्रतियोगिता के दौरान सबिनी मुंडा, ज्योति, यश कादयान और निखिल कुमार जैसे खिलाड़ियों ने स्वर्ण पदक जीतकर तिरंगा लहराया, वहीं अंजलि और कुणाल शर्मा सहित 11 खिलाड़ियों ने रजत पदक हासिल किए। झारखंड ओलंपिक एसोसिएशन के महासचिव डॉ. मधुकांत और वुशु एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने संयुक्त रूप से सभी विजेताओं को बधाई दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की अंतरराष्ट्रीय जीत से राज्य में ‘ताओलू’ और ‘सांडा’ जैसी वुशु स्पर्धाओं को नई दिशा मिलेगी। यह सफलता आगामी एशियाई खेलों और अन्य अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए भारतीय वुशु टीम के आत्मविश्वास को दोगुना करने वाली साबित होगी।

