नयी दिल्ली, (वार्ता) राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के अतिरिक्त महानिदेशकों (एडीजी) और उप महानिदेशकों (डीडीजी) का दो दिवसीय सम्मेलन गुरुवार को नयी दिल्ली के मानेकशॉ सेंटर में शुरू हुआ। रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने उद्घाटन दिवस पर इस सम्मेलन को संबोधित किया।
अपने संबोधन में रक्षा सचिव ने 2047 तक विकसित भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप राष्ट्रीय कैडेट कोर को परिवर्तित करने के महत्व पर बल दिया। उन्होंने पूरे देश में संचालित विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों में एनसीसी के महत्वपूर्ण योगदान की भी सराहना की।
रक्षा सचिव ने सभी राष्ट्रीय कैडेट कोर निदेशालयों के एडीजी और डीडीजी के साथ बातचीत में केंद्र सरकार की नीतियों और पहलों के अनुरूप समन्वित प्रयासों का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास राष्ट्रीय कैडेट कोर के लक्ष्यों एवं उद्देश्यों को ज्यादा प्रभावी तरीके से प्राप्त करने में योगदान देंगे।
एनसीसी के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल वीरेंद्र वत्स ने एनसीसी के विस्तार, अवसंरचना एवं रसद सहायता को बढ़ाने के लिए पिछले वर्ष के पहलों पर प्रकाश डाला। सम्मेलन में प्रशिक्षण की गुणवत्ता, अवसंरचना विकास के साथ-साथ ड्रोन एवं साइबर प्रशिक्षण जैसे उभरते क्षेत्रों से संबंधित प्रमुख मुद्दों पर चर्चा की गई।
यह सम्मेलन एनसीसी के वरिष्ठ नेतृत्व के लिए प्रमुख नीतिगत मुद्दों पर विचार-विमर्श करने, सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने और आने वाले वर्षों में संगठन और उसके प्रशिक्षण संरचना को मजबूत करने के लिए एक रोडमैप तैयार करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच है।
