तेहरान, 05 मार्च (वार्ता) ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने गुरुवार को कहा कि अमेरिका को भारतीय नौसेना की मेहमान युद्धपोत डेना पर हमला करने का बहुत पछतावा होने वाला है। श्री अराघची ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, “अमेरिका ने ईरान के तट से 2000 मील दूर समंदर में एक क्रूर कृत्य को अंजाम दिया है।” उन्होंने कहा, “करीब 130 नौसैनिकों के साथ भारतीय नौसेना की मेहमान फ्रिगेट डेना पर बिना चेतावनी के अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में हमला किया गया। मेरे शब्द लिख लो, अमेरिका को अपने इस कृत्य पर बहुत पछतावा होगा।”
उल्लेखनीय है कि अमेरिका की एक पनडुब्बी ने युद्धपोत डेना पर तारपीडो से हमला किया, जिससे वह समंदर की सतह में डूब गयी। श्रीलंकाई मीडिया के अनुसार, जब युद्धपोत पर हमला हुआ तब वह एक पूर्वी भारतीय बंदरगाह से ईरान लौट रहा था। उल्लेखनीय है कि आइरिस डेना ने भारत की ‘मिलन’ नौसैनिक अभ्यास में हिस्सा लिया था। श्रीलंका के उप विदेश मंत्री अरुण हेमचंद्र ने कहा कि देश के दक्षिणी तट पर अमेरिकी पनडुब्बी द्वारा ईरानी युद्धपोत पर किए गए हमले के बाद कम से कम 80 लोग मारे गए।

