मस्कट, 03 मार्च (वार्ता) खाड़ी क्षेत्र में ऊर्जा संरचनाओं पर हुए सिलसिलेवार ड्रोन हमलों के बाद वैश्विक गैस बाजारों में भारी उथल-पुथल देखी गयी है। ओमान के डुक्म बंदरगाह स्थित एक तेल भंडारण सुविधा को यूएवी (ड्रोन) हमले में नुकसान पहुंचा है। सरकारी समाचार एजेंसी ओमान न्यूज एजेंसी (ओएनए) ने एक सुरक्षा सूत्र के हवाले से बताया कि हमले में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है और भंडारण टैंक को हुआ नुकसान नियंत्रण में है। इस बीच, कतर की सरकारी ऊर्जा कंपनी कतर एनर्जी ने ईरान पर आरोपित ड्रोन हमलों के बाद तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) का उत्पादन अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है। कंपनी ने कहा कि रास लफान इंडस्ट्रियल सिटी और मेसईद इंडस्ट्रियल सिटी स्थित उसकी परिचालन इकाइयों को निशाना बनाये जाने के बाद एलएनजी और संबद्ध उत्पादों का उत्पादन रोक दिया गया है। ऊर्जा आपूर्ति में व्यवधान की खबर से वैश्विक बाजारों में तेज प्रतिक्रिया देखी गयी। डच और ब्रिटिश थोक गैस कीमतों में करीब 50 प्रतिशत तक उछाल आया, जबकि एशियाई एलएनजी बेंचमार्क कीमतों में लगभग 39 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी।
कतर के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, ईरान से दागे गये दो ड्रोन ने प्रमुख बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया। एक ड्रोन ने मेसईद स्थित एक बिजली संयंत्र के जल टैंक को निशाना बनाया, जबकि दूसरा रास लफान इंडस्ट्रियल सिटी में कतर एनर्जी की ऊर्जा सुविधा से टकराया। हालांकि, किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है। अधिकारियों ने नुकसान के आकलन के बाद विस्तृत बयान जारी करने की बात कही है। सउदी अरब ने पुष्टि की है कि रास तनुरा तेल रिफाइनरी पर हुए अलग ड्रोन हमले के बाद कुछ इकाइयों को एहतियातन अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। सउदी प्रेस एजेंसी द्वारा जारी रक्षा मंत्रालय के बयान के अनुसार, दो ड्रोन ने सोमवार सुबह रिफाइनरी को निशाना बनाने का प्रयास किया। ड्रोन को इंटरसेप्ट कर लिया गया, लेकिन एक छोटी आग लगने से संयंत्र के कुछ हिस्सों में सावधानीवश उत्पादन रोकना पड़ा। इन समन्वित हमलों ने खाड़ी क्षेत्र के ऊर्जा ढांचे की बढ़ती संवेदनशीलता को उजागर कर दिया है। क्षेत्रीय तनाव के चलते तेल और गैस बाजारों पर तत्काल प्रभाव पड़ा है, जिससे यूरोप और एशिया सहित वैश्विक ईंधन बाजारों में अस्थिरता बढ़ गयी है।

