
सिंगरौली। जिले के सरई तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत निगरी में संचालित गैस एजेंसी इन दिनों चर्चा में है। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना’ के तहत गैस कनेक्शन प्राप्त करने की प्रक्रिया को लेकर स्थानीय आवेदकों ने अपनी कुछ चिंताएं और समस्याएं साझा की हैं।
प्रक्रिया और शुल्कों पर चर्चा
ग्रामीणों और आवेदकों का कहना है कि योजना के तहत कनेक्शन प्राप्त करने के लिए उनसे कथित तौर पर राशि की मांग की जा रही है। आवेदक सावित्री साकेत के अनुसार, उन्होंने दिसंबर माह में आवेदन किया था, जिसके दौरान केवाईसी और गैस कनेक्शन के नाम पर अलग-अलग चरणों में शुल्क लिया गया। उनका कहना है कि लंबी प्रतीक्षा के बाद भी कई पात्र हितग्राही अभी भी कनेक्शन मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
उपकरणों की गुणवत्ता पर फीडबैक
कनेक्शन के साथ मिलने वाले उपकरणों को लेकर भी उपभोक्ताओं ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। कुछ आवेदकों का कहना है कि वर्तमान में वितरित किए जा रहे गैस चूल्हों की गुणवत्ता पहले की तुलना में कमतर महसूस हो रही है। उपभोक्ताओं को डर है कि ये उपकरण लंबे समय तक उपयोगी साबित नहीं होंगे।
प्रशासनिक हस्तक्षेप की अपेक्षा
योजना के जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन को लेकर ग्रामीण अब जिला प्रशासन की ओर देख रहे हैं। स्थानीय लोगों की अपेक्षा है कि प्रशासन इन प्रक्रियाओं की समीक्षा करे और यह सुनिश्चित करे कि योजना के नियमों का पारदर्शिता के साथ पालन हो रहा है।
