शाजापुर: जिला अस्पताल में 24 वर्षीय युवक कन्हैया लाल की जान समय रहते की गई सर्जरी से बच गई। चिकन खाते समय उसके गले में हड्डी फंस गई थी, जिससे उसे सांस लेने में गंभीर परेशानी हो रही थी।कन्हैया लाल, पिता दशरथ जो कांच निवासी हैं, रविवार रात को चिकन खा रहे थे तभी अचानक हड्डी उनके गले में अटक गई। इसके बाद उन्हें सांस लेने, बोलने और कुछ भी निगलने में भारी दिक्कत होने लगी। परिजन उसे तुरंत शाजापुर जिला अस्पताल ले गए, जहां उसे भर्ती कर उपचार शुरू किया गया।
अस्पताल में तैनात ईएमटी डॉक्टर तेजपाल सिंह जादौन ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। सावधानीपूर्वक की गई इस प्रक्रिया के बाद गले में फंसी हड्डी को सफलतापूर्वक बाहर निकाल लिया गया।ऑपरेशन के बाद मरीज कन्हैया लाल की हालत में तेजी से सुधार हुआ और अब वह खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं। कन्हैया लाल ने बताया कि रविवार रात को हड्डी फंसने के बाद उन्हें असहनीय दर्द और घुटन महसूस हो रही थी। सोमवार को जिला अस्पताल के डॉक्टरों और स्टाफ की तत्परता से उन्हें राहत मिली।
परिजनों ने डॉक्टर तेजपाल सिंह जादौन और अस्पताल प्रशासन का आभार व्यक्त किया।अस्पताल में तैनात ईएमटी डॉक्टर तेजपाल सिंह जादौन ने आम जनता से अपील की है कि भोजन करते समय विशेष सावधानी बरतें। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की किसी भी आपात स्थिति में तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचें, ताकि समय पर उचित उपचार मिल सके और गंभीर परिणामों से बचा जा सके
