इंदौर: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार इंदौर में औद्योगिक विकास को गति देने और निवेशकों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्टर कार्यालय में निवेश प्रोत्साहन केन्द्र की स्थापना की गई है. इस केन्द्र की व्यवस्थाओं को और अधिक उपयोगी, पारदर्शी और निवेशक-हितैषी बनाया जाएगा. साथ ही ऑनलाइन पोर्टल की सुविधाएं भी इसी केन्द्र के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि उद्योग स्थापित करने से जुड़ी सभी प्रकार की अनुमतियां, लाइसेंस एवं क्लीयरेंस सरल, त्वरित और एक ही मंच पर मिल सकें.
यह जानकारी आज यहां कलेक्टर शिवम वर्मा की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय में संपन्न हुई निवेश प्रोत्साहन को बढ़ावा देने संबंधित एक महत्वपूर्ण बैठक में दी गई. बैठक में निवेश प्रोत्साहन केन्द्र के प्रभारी एवं संयुक्त कलेक्टर प्रदीप सोनी, संयुक्त संचालक उद्योग एस.एस. मंडलोई सहित उद्योग संघों के अध्यक्ष/सचिव, प्रमुख उद्योगपति, संबंधित अधिकारीगण एवं अन्य हितधारक आदि उपस्थित थे. बैठक में कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में जिले में औद्योगिक विकास को नई गति दी जा रही है. निवेशकों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े, इसके लिए जिले में निवेशकों की सभी सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है. उद्योग लगाने संबंधी एक ही जगह पर सभी औपचारिकताएं पूर्ण हो सके इसको देखते हुए निवेश प्रोत्साहन केन्द्र की स्थापना कलेक्टर कार्यालय में की गई है. अब ऑनलाईन पोर्टल भी बनाया जा रहा है.
अतिक्रमण को हटाने की मांग
बैठक में एआईएमपी अध्यक्ष योगेश मेहता ने कहा कि एसोसिएशन औद्योगिक विकास के लिए मध्यप्रदेश शासन के साथ समन्वय स्थापित करते हुए पूर्ण प्रतिबध्दता के साथ निरंतर कार्य करता रहेगा. मेहता ने वर्तमान औद्योगिक क्षेत्रों की समस्याओं को पहले पहल हल करने का आग्रह करते हुए कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों में ड्रेनेज लाइने नहीं होने के कारण भूजल प्रदूषित हो रहा है, इसके लिए ड्रेनेज लाइनों की व्यवस्था होना चाहिए. समस्त शासकीय औद्योगिक क्षेत्रों में अतिक्रमण की भारी समस्या है, लोग बिना डरे हाईटेंशन लाइनों के नीचे भी अतिक्रमण कर रहे है, नालों में मिट्टी डालकर उस पर अतिक्रमण हो रहे है. इन्हें समय रहते नहीं हटाया तो ये कही न कही नव निवेश को हतोत्साहित करेंगे. पालदा में नवीन पावर ग्रीड के लिए जमीन की मांग हरीश नागर द्वारा रखी गई.
