सीहोर। जिला अस्पताल में गर्भवती महिलाओं की मुफ्त सोनोग्राफी के नाम पर पैसे मांगे जाने का आरोप सामने आया है. ग्राम महोडिया की आशा कार्यकर्ता भूरी बी ने अस्पताल के कर्मचारी पर बदसलूकी और धमकी देने का आरोप लगाते हुए सीएमएचओ एवं सिविल सर्जन को लिखित शिकायत सौंपी है.
आशा कार्यकर्ता के अनुसार वह प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत एक हाई रिस्क गर्भवती महिला को जांच के लिए जिला अस्पताल लाई थीं. इसी दौरान कथित तौर पर पैसों के लेन-देन की बात सामने आई. पैसे देने से इनकार करने पर कर्मचारी द्वारा गाली-गलौच और धमकी दिए जाने का आरोप है.
भूरी बी का कहना है कि अस्पताल में कुछ कर्मचारी आए दिन आशा कार्यकर्ताओं से दुर्व्यवहार करते हैं, लेकिन हितग्राहियों की जांच प्रभावित न हो, इस कारण वे चुप रह जाती हैं.
मामले की शिकायत अधिकारियों से की गई है. इस संबंध में संबंधित कर्मचारी से पक्ष लेने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका पक्ष नहीं मिल सका.
इनका कहना है
आशा कार्यकर्ता भूरी बी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं मुझे शिकायती आवेदन देकर कर्मचारी राम मेवाड़ा के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है. जांचोंपरांत आगामी कार्रवाई की जाएगी.
डॉ. यूके श्रीवास्तव, सिविल सर्जन जिला अस्पताल
