ब्यावरा: इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से कई लोगों की मौत की हृदयविदारक घटना के बाद जिले में भी पेयजल व्यवस्था को लेकर गंभीरता दिखाई देने लगी है. इस संबंध में प्रकाशित खबर को संज्ञान में लेते हुए जिला प्रशासन ने शुद्ध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, जिसके बाद नगर पालिका ब्यावरा का अमला शनिवार सुबह से ही मैदान में उतर गया.
नगर के विभिन्न क्षेत्रों में जहां पाइपलाइन लीकेज या क्षतिग्रस्त स्थिति में पाई गई, वहां तत्काल सुधार कार्य शुरू किया गया. विदित है कि ब्यावरा के कुछ इलाकों में लंबे समय से मटमैला और दुर्गंधयुक्त पानी आने की शिकायतें मिल रही थीं, जिन्हें रहवासियों ने कई बार जिम्मेदार अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन समस्या बनी रही.
राजगढ़ रोड स्थित शासकीय कॉलेज के सामने पंचशील कॉलोनी क्षेत्र में नाले से गुजर रही पाइपलाइन में टूट-फूट के कारण गंदा पानी सप्लाई में मिलने की पुष्टि हुई.
नगर पालिका अमले ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी से नाले की सफाई करवाई और करीब 15 अवैध जल कनेक्शन चिन्हित कर उन्हें डिस्कनेक्ट किया. पाइपलाइन को दुरुस्त कर पेयजल व्यवस्था को व्यवस्थित किया गया.मुख्य नगर पालिका अधिकारी इकरार अहमद ने बताया कि शुद्ध और स्वच्छ पेयजल आपूर्ति के लिए नपा पूरी तरह प्रतिबद्ध है और आगे भी सख्त निगरानी रखी जाएगी. प्रशासन की यह कार्रवाई स्वागतयोग्य है, हालांकि सवाल यही है कि क्या हम हमेशा किसी बड़े हादसे के बाद ही चेतते रहेंगे.
