ग्वालियर: यहां एक दुल्हन ने वरमाला के बाद शादी तोड़ दी और वो सात फेरों के लिए शादी के मंडप में नहीं आई। दूल्हे व बारातियों ने जब दुल्हन के पिता से बात की तो उन्होंने दूल्हे को दिव्यांग बताते हुए शादी नहीं करने की बात कही और आरोप है कि इस दौरान दुल्हन के पिता ने दूल्हा पक्ष से 10 लाख रुपये की डिमांड भी की। पैसे नहीं देने पर बारात को बंधक बना लिया। दूल्हे के पिता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है जिसके बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जनकगंज थाने में दूल्हे प्रशांत कुशवाह और उसके पिता लोटन कुशवाह निवासी नादरिया ने शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि बेलदार का पुरा के रहने वाले धर्मजीत कोठारी की बेटी से करीब डेढ़ साल पहले रिश्तेदारी हुई थी। तय समय पर बारात लेकर पहुंचे जिसके बाद स्टेज पर वरमाला भी हुई लेकिन इसके बाद दुल्हन ने शादी करने से इनकार कर दिया। दुल्हन के पिता ने कहा कि दूल्हा दिव्यांग है शादी नहीं होगी और शादी के कार्यक्रम में खर्च हुए 10 लाख रुपये लौटाने होंगे।
आरोप- बारात को बंधक बनाया
दूल्हे के भाई ने बताया कि पिता ने दुल्हन के पिता को ये बात समझाने की काफी कोशिश की कि दूल्हा विकलांग नहीं है लेकिन वो नहीं माने। 10 लाख रुपये की डिमांड करने लगे और पैसे नहीं देने पर जनमासे में ही पूरी बारात को दोनों तरफ से घेर लिया। बाद में किसी तरह 9 लाख रुपये दुल्हन के पिता को दिए तब कहीं जाकर उन्हें बारात को छोड़ा और बारात बिना दुल्हन के ही वापस लौट पाई। दूल्हे व दूल्हे के पिता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच में ले लिया है ।
