
जबलपुर। जनस्वास्थ्य को खतरे में डालने वाली गतिविधियों के खिलाफ नगर निगम और जिला प्रशासन का सख्त अभियान छठवें दिन भी जारी रहा। गुरूवार को वार्ड क्रमांक 72 अंतर्गत लमती क्षेत्र में ओमती नाले के दूषित पानी से फसलों की सिंचाई कर रहे किसानों पर बड़ी कार्रवाई की गई। नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग और अतिक्रमण दल ने संयुक्त रूप से मौके पर छापा मारा। जांच के दौरान पाया गया कि कुछ किसान सीधे ओमती नाले में मोटर पंप डालकर दूषित पानी से खेतों की सिंचाई कर रहे थे। टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सिंचाई में इस्तेमाल हो रहे दो मोटर पंप जब्त कर लिए। इसके साथ ही, मौके पर उगाई गई सब्जियों को भी जब्त कर नष्ट कराया गया, ताकि वे बाजार तक न पहुँच सकें।
नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह एवं निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार के निर्देश पर यह अभियान लगातार चलाया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य शहरवासियों को नाले के गंदे पानी से उगाई जा रही जहरीली सब्जियों के सेवन से बचाना है।
सेहत के लिए गंभीर खतरा : होगी कानूनी कार्रवाई
कार्रवाई के संबंध में कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह, निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार के साथ मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी आदि के द्वारा बताया गया कि ओमती नाले के पानी में सीवेज की गंदगी के साथ डिटर्जेंट, फॉस्फेट और अन्य औद्योगिक अपशिष्ट व रसायन भारी मात्रा में मौजूद होते हैं। इस पानी से उगाई गई सब्जियों को खाने से लोगों में पेट संबंधी संक्रमण, टाइफाइड, पीलिया और अन्य गंभीर बीमारियाँ होने का खतरा रहता है। प्रशासन ने किसानों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि वे दूषित जल का उपयोग जारी रखते हैं, तो उनके उपकरण जब्त करने के साथ-साथ उनके खिलाफ कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
