ग्वालियर:जिले के 17 सरकारी अस्पतालों में एक साथ एचआरपी क्लीनिक लगाकर 860 गर्भवती माताओं की जाँच की गई। इनमें से 287 महिलाओं को हाई रिस्क गर्भवती माताओं के रूप में चिन्हित किया गया। इन महिलाओं को निर्धारित प्रोटोकॉल के तहत दवाएँ व उपचार उपलब्ध कराया गया। साथ ही हाईरिस्क गर्भवती माताओं का लगातार विशेष फोलोअप किया जाएगा। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत हर माह चिन्हित स्वास्थ्य संस्थाओं में एचआरपी क्लीनिक लगाकर हाईरिस्क गर्भवती माताओं की जांच की जाती है।
ग्वालियर जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान चलाया जा रहा है।अभियान के तहत हाईरिस्क गर्भवती माताओं के चिन्हांकन व जांच के साथ-साथ उन्हें जरूरी स्वास्थ्य सेवायें मुहैया कराई जा रही हैं। जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दीपाली माथुर के अनुसार जिले में लगाई गई एचआरपी क्लीनिक में 860 गर्भवती महिलाओं की निःशुल्क सोनोग्राफी, हीमोग्लोवबिन सहित खून की अन्य जांचे और यूरिन की जांच भी कराई गई।
जाँच में 287 महिलाओं को हाई रिस्क गर्भवती माताओं के रूप में चिन्हित किया गया। साथ ही 241 महिलाओं की अल्ट्रासोनोग्राफी जांच की गई। इस दौरान 34 महिलाओं को आयरन सुक्रोज इंजेक्शन लगाया गया। एचआरपी क्लीनिक में आईं महिलाओं को फल और पौष्टिक आहार भी उपलब्ध कराया गया।
