
मंडला। जिले में डिंडोरी और छत्तीसगढ़ की सीमा से सटे वन क्षेत्रों से जंगली हाथियों का एक झुंड प्रवेश कर गया है, जिसके बाद वन विभाग और कान्हा टाइगर रिजर्व का प्रबंधन पूरी तरह से अलर्ट हो गया है। बुधवार रात को इन हाथियों की अंतिम लोकेशन कान्हा टाइगर रिजर्व के फेन अभ्यारण्य क्षेत्र में दर्ज की गई है।
बिछिया के एसडीओ (वन) चंद्रिका सिंह ने बताया कि मंगलवार को डिंडोरी जिले के दक्षिणी समनापुर रेंज अंतर्गत झामुल बीट में हाथियों की उपस्थिति की सूचना मिली थी, जो मंडला जिले के मवई वन परिक्षेत्र से लगभग 12 किलोमीटर दूर है। बुधवार को हाथियों की लोकेशन चेन्द्रा दादर से करीब डेढ़ किलोमीटर के दायरे में पाई गई। एसडीओ चंद्रिका सिंह ने बताया कि शुरुआती सूचना 11 हाथियों के झुंड की थी, लेकिन निगरानी के दौरान अब तक केवल 4 हाथी ही देखे गए हैं।
कान्हा बफर क्षेत्र में हलचल :
मवई की रेंजर साधना चौहान ने पुष्टि की है कि बुधवार रात तक हाथियों की अंतिम लोकेशन कान्हा बफर क्षेत्र के साजल गान और सठिया के बीच थी। उन्होंने कहा कि वन विभाग की टीम हाथियों के झुंड पर लगातार निगरानी रख रही है। कान्हा टाइगर रिजर्व के असिस्टेंट डायरेक्टर सिझोरा आशीष पांडे ने बताया कि बुधवार रात को हाथियों की लोकेशन फेन अभ्यारण्य क्षेत्र में थी। उन्होंने पुराने रुझानों का हवाला देते हुए आशंका जताई कि ये हाथी अब मवई या मोतीनाला क्षेत्र की ओर बढ़ सकते हैं।
ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील :
हाथियों के प्रवेश को देखते हुए वन विभाग की टीम मौके पर मौजूद है और आसपास के गांवों में सतर्कता बरतने के लिए मुनादी कराई जा रही है। ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी असामान्य गतिविधि या हाथियों के दिखने पर तुरंत वन विभाग को सूचित करें और समूह से दूर रहें।
