कुशीनगर 19 अक्टूबर (वार्ता) उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में रामनगरी श्री अयोध्याधाम के ऐतिहासिक दीपोत्सव से प्रेरणा लेकर नगर पालिका परिषद पडरौना के अध्यक्ष विनय जायसवाल ने छह वर्ष पूर्व एक ऐसा संकल्प लिया था । जिसने आज पूरे नगर की पहचान बना दी है।
उन्होंने मानस कॉलोनी स्थित श्री बुढ़िया माता मंदिर परिसर में नवनिर्मित छठ घाट पर दीपोत्सव मनाने की परंपरा की शुरुआत की थी। अब यह आयोजन अपने छठे वर्ष में प्रवेश कर चुका है और इस बार इसे और अधिक भव्यता एवं आध्यात्मिक वातावरण में आयोजित कराया गया है। 31,000 दीपों से प्रज्ज्वलित इस छठ घाट की झलकियाँ हजारों लोगों के मन को लुभा रही हैं। वर्षों पहले जब अयोध्या में दीपोत्सव का शुभारंभ हुआ। तब नगर अध्यक्ष विनय जायसवाल ने यह सपना देखा था कि पडरौना में भी ऐसा आयोजन हो। जिससे नगरवासियों में धार्मिक और सांस्कृतिक चेतना का संचार हो सके।
उन्होंने इस विचार को साकार करते हुए छठ घाट पर दीपोत्सव की नींव रखी। जो अब पडरौना की सांस्कृतिक पहचान बन चुका है। स्थानीय नागरिकों ने इस आयोजन को नगर की गौरवशाली परंपरा बताते हुए कहा कि छठ घाट पर दीपोत्सव अब सिर्फ धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि एकता, आस्था और सामाजिक सद्भाव का प्रतीक बन चुका है। हर आयु वर्ग के लोग इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। पालिकाध्यक्ष श्री जायसवाल ने बताया कि दीपोत्सव केवल दीये जलाने का पर्व नहीं है, यह हमारे भीतर के अंधकार को मिटाकर सकारात्मकता और प्रकाश का संचार करने का संदेश देता है।
