ई3 देश गाजा के पुनर्निर्माण में योगदान देने को तैयार

मास्को, 11 अक्टूबर (वार्ता): ब्रिटेन, फ्रांस और जर्मनी (ई3) ने अभी हाल ही में इजराइल और फिलीस्तीन के हमास के बीच घोषित युद्धविराम योजना के अनुरूप गाजा के पुनर्निर्माण और संक्रमणकाल के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में योगदान देने की इच्छा व्यक्त की है।
हालांकि ई3 गाजा में इजरायल द्वारा बस्ती बसाये जाने का विरोध करती है। ई3 देशों की भागीदारी एक व्यापक अंतरराष्ट्रीय प्रयास का हिस्सा होगी जिसमें संयुक्त राज्य अमेरिका, अरब देश और संयुक्त राष्ट्र शामिल हैं।
ट्रम्प प्रशासन और अन्य मध्यस्थों ने इस सप्ताह इजराइल और हमास के बीच एक युद्धविराम समझौता करवाया है जिससे संभवतः दो साल पहले शुरू हुए उस युद्ध का अंत हो सकता है जिसमें इजरायल पर हमास के हमले में 1,000 से अधिक लोग मारे गए थे। इसके बाद इजराइली सैन्य अभियान में गाजा में हजारों फिलिस्तीनी मारे गए हैं और बड़े पैमाने पर विनाश हुआ है और वहां अकाल की स्थिति उत्पन्न हो गयी।
इजराइल और फिलिस्तीनी उग्रवादी समूह हमास ने गाजा के लिए शांति योजना के पहले चरण को लागू करने के लिए एक समझौता किया है। इसके प्रारंभिक चरण में हमास इजराइली बंधकों को रिहा करेगा, जबकि इजराइल अपनी सेनाओं को सेमी-एक्सक्लेव के भीतर एक पारस्परिक रूप से सहमत रेखा पर वापस ले जाएगा और सैकड़ों फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा, जिनमें आतंकवाद से संबंधित अपराधों के लिए आजीवन कारावास की सजा काट रहे लोग शामिल हैं। इस बीच इजराइली सरकार ने गाजा से बंधकों की रिहाई के समझौते को मंजूरी दे दी है।
ई3 ने ब्रिटिश प्रधान मंत्री कीर स्टारमर के कार्यालय द्वारा प्रकाशित एक संयुक्त बयान में कहा, “हम पश्चिम एशिया में युद्धविराम समझौते, बंधकों की नियोजित रिहाई और गाजा की नागरिक आबादी को मानवीय सहायता फिर से शुरू करने का स्वागत करते हैं। अब यह अत्यंत महत्वपूर्ण है कि सभी पक्ष अपने दायित्वों को पूरी तरह और बिना किसी देरी के लागू करें। हम योजना के अगले चरणों पर आगे की बातचीत का समर्थन करने और इसमें योगदान देने के लिए तैयार हैं। इस प्रयास के हिस्से के रूप में हम सहमत हैं कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद को इस योजना को अपना पूर्ण समर्थन देना चाहिए और इसके कार्यान्वयन का समर्थन करना चाहिए।”
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने 29 सितंबर को गाजा संघर्ष को हल करने के लिए 20-सूत्रीय योजना का प्रस्ताव पारित किया। प्रस्ताव में अन्य बातों के अलावा तत्काल युद्धविराम और 72 घंटों के भीतर बंधकों की रिहाई का आह्वान किया गया है। योजना में यह भी प्रावधान है कि हमास और अन्य गुटों को गाजा पर प्रत्यक्ष और परोक्ष रूप से शासन करने में अपनी भागीदारी छोड़नी होगी।
इस क्षेत्र का शासन एक ‘तकनीकी, गैर-राजनीतिक फिलिस्तीनी समिति’ द्वारा किया जाएगा, जिसकी देखरेख ट्रम्प के नेतृत्व वाले एक अंतरराष्ट्रीय बोर्ड द्वारा की जाएगी।
गौरतलब है कि इजराइली सेनाएं शुक्रवार को गाजा के कुछ हिस्सों से हट गईं, जिससे हमास के पास 7 अक्टूबर, 2023 को पकड़े गए शेष बंधकों को रिहा करने के लिए 72 घंटे का समय शुरू हो गया।

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