इंदौर: शहर में अपराध करने वाले बदमाश अब नेपाल को अपनी सुरक्षित शरणस्थली बना रहे हैं. पिछले कुछ सालों में कई सनसनीखेज मामलों के आरोपी नेपाल भागकर पुलिस को चकमा दे चुके हैं. चोरी से लेकर लव जिहाद फंडिंग जैसे गंभीर अपराधों तक में नेपाल कनेक्शन सामने आ चुका है.पहला मामला करीब एक साल पहले तेजाजी नगर थाना क्षेत्र का है. बिल्डर मोहम्मद अनीस के घर डेढ़ करोड़ की चोरी हुई थी.
अनीस को बेहोश कर उसका नौकर दीपेश थापा जेवर लेकर भाग निकला और सीधे नेपाल पहुंच गया. लाख कोशिशों के बावजूद पुलिस उसे पकड़ नहीं पाई. इसी तरह हाल ही में लव जिहाद के लिए फंडिंग करने के आरोप में फरार कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी भी काठमांडू भाग गया था. हालांकि उसने कुछ दिन पहले कोर्ट में सरेंडर कर दिया. तीसरा मामला जेल रोड के व्यापारी जॉनी का है. उस पर चोरी के मोबाइल का गोरखधंधा करने का आरोप था. क्राइम ब्रांच ने उसके पास से लाखों के मोबाइल जब्त किए थे. गिरफ्तारी से बचने के लिए वह भी नेपाल भाग गया, लेकिन नेपाल बॉर्डर पर पुलिस ने उसे दबोच लिया.
जाना है आसान
पुलिस अफसरों का मानना है कि बदमाशों के लिए नेपाल भागना आसान है. कई बार पुलिस को पहले से भनक लग जाती है कि आरोपी नेपाल का रुख कर सकता है, फिर भी उन्हें रोकना मुश्किल साबित हो रहा है. लगातार सामने आ रहे इन मामलों ने सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर नेपाल बदमाशों का ‘सेफ हाउस’ क्यों बनता जा रहा है.
