माॅस्को/बीजिंग, 30 अगस्त (वार्ता) रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने चीनी शहर तियानजिन में आगामी शिघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन से पहले वित्त, संस्कृति, शिक्षा, खेल, राजनीति सहित सभी क्षेत्रों में रूस और चीन के संबंधों की सराहना की, साथ ही उन्होंने दोनों देशों द्वारा संयुक्त राष्ट्र और विश्व बैंक तथा अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) जैसी अन्य वैश्विक संस्थाओं में सुधारों की निरंतर वकालत को दोहराया, ताकि आधुनिक राजनीतिक वास्तविकताओं को बेहतर ढंग से प्रतिबिंबित किया जा सके और विकासशील दुनिया के लिए व्यापक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जा सके।
रूस की सरकारी समाचार एजेंसी तास ने अपनी रिपोर्ट में यह जानकारी दी। श्री पुतिन ने चीनी मीडिया एजेंसी शिन्हुआ को दिए एक हस्तलिखित साक्षात्कार में कहा, “रूस और चीन संयुक्त राष्ट्र में सुधार का समर्थन करते हैं जिससे अंतरराष्ट्रीय संगठन अपने अधिकार को पूरी तरह से बहाल कर सके और आधुनिक वास्तविकताओं को प्रतिबिंबित कर सके। विशेष रूप से हम एशिया, अफ्रीका और लैटिन अमेरिका के देशों को शामिल करके सुरक्षा परिषद को और ज्यादा लोकतांत्रिक बनाना चाहते हैं।” राष्ट्रपति पुतिन ने यह साक्षात्कार काउंटी के दौरे से एक दिन पहले दिया।
श्री पुतिन ने कहा, “हम अपने चीनी साझेदारों के साथ मिलकर अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष और विश्व बैंक में सुधार का समर्थन करते हैं।”
रूस के शीर्ष नेता ने जोर देते हुए कहा, “नव-उपनिवेशवाद के साधन के रूप में वित्त का उपयोग समाप्त करना बहुत आवश्यक है जो वैश्विक बहुमत के हितों के विपरीत है। हम समस्त मानवता के लाभ के लिए प्रगति चाहते हैं।” श्री पुतिन ने जी-20, ब्रिक्स एवं एपेक के अंतर्गत रूस और चीन के बीच घनिष्ठ सहयोग का भी उल्लेख किया।
द्विपक्षीय व्यापार पर टिप्पणी करते हुए श्री पुतिन ने कहा कि युआन एवं रूबल में आपसी व्यापार ने यूरो एवं अमेरिकी डॉलर को किसी भी अन्य चीज़ की तुलना में ज्यादा “सांख्यिकीय विसंगति” के रूप में छोड़ दिया है। उन्होंने ‘सुदूर पूर्वी मार्ग’ के नाम से 2027 में एक प्रमुख गैस मार्ग शुरू करने की संयुक्त पहल की भी पुष्टि की।
पुतिन ने आधुनिक वास्तविकताओं के लिए संरा, अमुको में सुधारों की वकालत की
