सतना : खरीफ के इस मौसम में उर्वरक की कमी झेल रहे किसान अब तक जहां आधा दर्जन बार सडक़ों पर आ चुके हैं वहीं 3 बार राजमार्ग बाधित कर चुके हैं. हलांकि उर्वरक की उपलब्धतता सुनिश्चत करने के उद्देश्य से प्रशासन द्वारा भी एड़ी-चोटी का जोर लगाया जा रहा है. लेकिन इसके बावजूद भी कभी सर्वर फेल होने तो कभी वितरण व्यवस्था में खामी जैसे साइड इफेक्ट किसानों को रह रह कर आक्रोशित कर रहे हैं.
उर्वरक की कमी से आक्रोशित किसानों द्वारा मैहर जिले के अमरपाटन क्षेत्र में सोमवार को एक बार फिर से राष्ट्रीय राजमार्ग बाधित कर दिया गया. अमरपाटन थाना क्षेत्र अंतर्गत परसवाही में जुटे किसानों ने सीधे राजहमार्ग का रुख किया और जांम करते हुए विरोध प्रदर्शन शुरु कर दिया. जिसके चलते देखते ही देखते राजमार्ग पर दोनों ओर सैकड़ों वाहनों की कतारें लगनी शुरु हो गईं. जिसे देखते हुए अमरपाटन थाने का पुलिस बल मौके पर पहुंच गया और थाना प्रभारी द्वारा समझाइस दी जाने लगी. लेकिन किसानों का बढ़ता आक्रोश देख एसडीएम और एसडीओपी भी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए.
चर्चा के दौरान आक्रोशित किसानों ने कहा कि अपनी खरीफ की फसल को लावारिस हालत में छोडक़र उन्हें सहकारी सहिमतियों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं. लेकिन हर रोज पूरे दिन खड़े रहने के बावजूद भी उन्हें खाद नहीं मिल पा रही है. उनकी समस्या को तो सब सुन रहे हैं लेकिन समाधान कोई नहीं कर रहा है. ऐसे में उन्हें समझ में ही नहीं आ रहा है कि आखिर वे कहां जाएं. जब उन्हें कोई और रास्ता नहीं सूझा तो मजबूर होकर सडक़ पर उतरना पड़ गया.
किसानों की समस्या को गौर से सुनने के बाद अधिकारियों द्वारा आश्वासन दिया गया कि यदि उर्वरक वितरण व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं तो प्रक्रिया की जांच कराई जाएगी. किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुसार खाद मिल सके इसके लिए प्रशासन द्वारा पूरा प्रयास किया जा रहा है. अधिकारियों के आश्वासन पर किसान राजमार्ग से हटने को राजी हो गए. लेकिन तब तक राजमार्ग के दोनों ओर 2-3 किमी तक लंबा जाम लग चुका था.
तकनीकी समस्या से बढ़ी परेशानी
हलांकि मैहर के अमरपाटन क्षेत्र की तर्ज पर जिले के किसान सडक़ों पर तो नहीं उतरे, लेकिन खाद नहीं मिलने से उनका अक्रोश बरकरार रहा. सतना और नागौद स्थित उर्वरक वितरण केंद्र में उमड़ी भीड़ के मद्देनजर पुलिस बल को मोर्चा संभालना पड़ा. इतना ही नहीं बल्कि दोनों स्थानों पर एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और मातहत अमले को आवश्यक निर्देश दिए. सतना और मैहर जिले में सोमवार को उर्वरक मिलने में हो रही समस्या के संबंध में जानकारी देते हुए जिला प्रबंधक मर्कफेड नेहा तिवारी ने बताया कि सर्व डाउन होने की तकनीकी समस्या के चलते यह परेशानी सामने आ गई. सर्वर के ठीक होते ही किसानों को उर्वरक वितरण का कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा.
