जबलपुर: प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी राखी साहू की अदालत ने चेक बाउंस के आरोपी अनुराग झारिया को दोष सिद्ध पाया। इसी के साथ चार माह के कारावास की सजा सुना दी। साथ ही दो लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। परिवादी जबलपुर निवासी धीरज चौरसिया की ओर से अधिवक्ता मोहम्मद रिजवान ने पक्ष रखा।
उन्होंने दलील दी कि परिवादी व आरोपित परस्पर मित्र थे। इसीलिए आर्थिक परेशानी में सहयोग किया गया। दो लाख की उधारी चुकाने के लिए दिया गया चेक बैंक में जमा करने पर खाते में पर्याप्त राशि के अभाव में बाउंस हो गया। नोटिस के बावजूद कोई असर नहीं हुआ। लिहाजा, अदालत की शरण लेनी पड़ी। अदालत ने दोष सिद्ध पाते हुए सजा सुनाई।
