
गुना। बाढ़ से बेहाल गुना शहर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का दौरा उस वक्त विवाद का कारण बन गया, जब वे बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित इलाकों का निरीक्षण किए बिना ही लौट गए। न्यू सिटी कॉलोनी, भगत सिंह कॉलोनी, दलवी कॉलोनी और नानाखेड़ी जैसे इलाकों के लोगों में इससे भारी नाराजगी देखी गई। इन क्षेत्रों में लोगों ने बाढ़ के दौरान घरों की पहली मंजिल तक पानी भर जाने की बात कही, जहां उन्हें ऊपरी मंजिलों पर शरण लेनी पड़ी थी।
सोमवार को जब मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री का काफिला इन कॉलोनियों में नहीं पहुंचा, तो सैकड़ों की संख्या में महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे एबी रोड पर उतर आए। नानाखेड़ी मंडी के सामने चक्काजाम कर दिया।
इस दौरान नपाध्यक्ष सविता अरविंद गुप्ता भी मौके पर मौजूद थीं। उन्होंने बताया कि यह उनका खुद का वार्ड है और वे मुख्यमंत्री और मंत्री से मिलकर शत-प्रतिशत मुआवजा दिलाने की मांग करना चाहती थीं। लेकिन देर शाम तक दोनों नेता वहां नहीं पहुंचे। उन्होंने बताया कि कॉलोनीवासियों के पास न तो खाने को कुछ बचा है और न ही पहनने को कपड़े।
स्थिति बिगड़ती देख कलेक्टर किशोर कन्याल और एसपी अंकित सोनी मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत कराने की कोशिश की। देर शाम चक्काजाम खत्म हुआ।
